लखनऊ में मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने आगामी बकरीद और बड़ा मंगल को लेकर कानून व्यवस्था की बड़ी समीक्षा बैठक की. बैठक में प्रदेशभर के डीएम, कमिश्नर, एसपी और वरिष्ठ अधिकारियों को साफ निर्देश दिए गए कि त्योहारों के दौरान किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक आयोजनों को केवल पारंपरिक और निर्धारित स्थानों पर ही आयोजित कराया जाए. उन्होंने खास तौर पर निर्देश दिया कि सड़क जाम करके नमाज पढ़ने की अनुमति किसी भी हाल में न दी जाए. इसके साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर कुर्बानी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के आदेश भी दिए गए हैं. सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि शांति व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों पर तुरंत कानूनी कार्रवाई होगी.
ईदगाहों और संवेदनशील इलाकों में बढ़ेगी सुरक्षा
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को ईदगाहों, मस्जिदों और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा है. त्योहारों के दौरान भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस बल की तैनाती बढ़ाई जाएगी ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके. बैठक में मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर भी कड़ी नजर रखी जाए. मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में शांति और सौहार्द बनाए रखना सरकार की पहली प्राथमिकता है. इसके लिए पुलिस को पूरी सतर्कता और सक्रियता के साथ काम करना होगा. बैठक में मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव गृह, डीजीपी राजीव कृष्णा और एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे.
अवैध स्लॉटर हाउस और खुले में मांस बिक्री पर चलेगा अभियान
सीएम Yogi Adityanath ने अवैध स्लॉटर हाउस के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान चलाने के निर्देश भी दिए. उन्होंने कहा कि नियमों के खिलाफ चल रहे बूचड़खानों और खुले में मांस बेचने वालों पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए. सरकार की ओर से प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने की बात भी दोहराई गई. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि स्थानीय प्रशासन लगातार निगरानी रखे और जहां भी नियमों का उल्लंघन हो, वहां तुरंत कार्रवाई की जाए. इसके अलावा अवैध खनन और भू-माफियाओं के खिलाफ भी विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं. मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि कानून से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा.
जनता की शिकायतों पर भी सख्त हुए मुख्यमंत्री
कानून व्यवस्था के साथ-साथ मुख्यमंत्री ने जनता की समस्याओं के समाधान पर भी जोर दिया. उन्होंने निर्देश दिया कि हर विकास खंड में साप्ताहिक चौपाल आयोजित की जाए, जहां लोगों की शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया जा सके. आईजीआरएस और सीएम हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों को लेकर भी अधिकारियों को चेतावनी दी गई कि लापरवाही बिल्कुल स्वीकार नहीं की जाएगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता को छोटे-छोटे कामों के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की है. उन्होंने अधिकारियों से समय पर शिकायतों का निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दोहराया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था और जनसुनवाई सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं और इसमें किसी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
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