UP के देवरिया जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी मचा दी है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में एक युवक को बेरहमी से पीटा जा रहा था। सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि आरोपियों ने चप्पल पर थूककर पीड़ित से उसे चटवाया। वीडियो में पीड़ित युवक लगातार रहम की भीख मांगता दिखा, लेकिन हमलावरों ने एक पल के लिए भी उस पर दया नहीं दिखाई।
यह वीडियो वायरल होते ही लोग गुस्से में आ गए और पुलिस पर कार्रवाई का दबाव बढ़ने लगा। मामला सामने आने के बाद पुलिस हरकत में आई और पीड़ित के बयान पर FIR दर्ज की गई। पीड़ित युवक का नाम अभिषेक विश्वकर्मा है, जो ग्राम गोबराई खास का रहने वाला है।
बेटे को गांव से बाहर ले जाकर की गई मारपीट
इस पूरे मामले में अभिषेक की मां फूलवंती विश्वकर्मा ने 30 नवंबर को थाने में तहरीर दी। उन्होंने बताया कि 21 नवंबर की शाम गांव के ही चार युवक—अभय यादव, मुकेश यादव और दो नाबालिग—उनके बेटे को गांव से बाहर ले गए।
अभिषेक को वहां ले जाकर आरोपी उसे बेल्ट से पीटने लगे और उसे अपमानित करते हुए चप्पल पर थूककर उसे चटवाने पर मजबूर किया। पीड़ित की मां के अनुसार, युवक इस दौरान लगातार छोड़ देने की गुहार लगाता रहा, मगर आरोपी रुकने को तैयार नहीं थे।
मारपीट के बाद उसी रात आरोपी पीड़ित के घर के बाहर भी पहुंच गए। उन्होंने ईंट-पत्थर फेंके, घर का गेट तोड़ने की कोशिश की और यहां तक कि घर में बंधी गायों को भी चोट पहुंचाई। पीड़ित परिवार ने बताया कि आरोपियों ने पूरे परिवार को धमकी दी कि यदि उन्होंने किसी से शिकायत की, तो इसका अंजाम बुरा होगा।
पुलिस की बड़ी कार्रवाई, अभय और मुकेश गिरफ्तार
मामला जैसे ही सोशल मीडिया पर उछला, देवरिया पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। सीओ अंशुमान श्रीवास्तव ने बताया कि वीडियो का संज्ञान लेते ही पुलिस टीमों को आरोपियों की तलाश में भेजा गया। जांच के बाद पुलिस ने इस मामले में शामिल अभय यादव और मुकेश यादव को गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही घटना में शामिल दो नाबालिग लड़कों को भी पकड़कर बाल सुधार गृह भेज दिया गया है।
पुलिस ने बताया कि अभय यादव का अपराध जगत में लंबा इतिहास है। उसके खिलाफ देवरिया और कुशीनगर में कई गंभीर मामले दर्ज हैं। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उससे एक अवैध तमंचा भी बरामद किया, जिसके चलते उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट में भी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस ने कहा, न्याय के लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे
इस घटना के बाद पीड़ित परिवार दहशत में है। परिवार वालों का कहना है कि आरोपी लंबे समय से गांव में दबदबा बनाए हुए थे और स्थानीय लोग उनसे डरते थे। अभिषेक की मां ने बताया कि उन्होंने डर के कारण पहले आवाज नहीं उठाई, लेकिन वीडियो वायरल होने पर साहस करके शिकायत की।
पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि पीड़ित को पूरी सुरक्षा दी जाएगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। सीओ अंशुमान श्रीवास्तव के अनुसार, “मामले में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पीड़ित परिवार सुरक्षित है। हम सुनिश्चित करेंगे कि उन्हें न्याय मिले और दोषियों को कड़ी सजा हो।”
मामले की जांच अब भी जारी है और पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस घटना के पीछे कोई और दबाव या विवाद था या नहीं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की बर्बर हरकतें गांव की शांति और सामाजिक माहौल के लिए बेहद खतरनाक हैं और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम आवश्यक हैं।
