हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध अटल टनल के पास एक दर्दनाक सड़क हादसे में राजस्थान के एक युवक की जान चली गई, जबकि तीन अन्य लोग घायल हो गए। यह हादसा उस समय हुआ जब चारों पर्यटक मनाली से लाहौल की ओर जा रहे थे। अटल टनल के नॉर्थ पोर्टल से बाहर निकलने के कुछ ही देर बाद उनकी कार अचानक अनियंत्रित हो गई। तेज रफ्तार के कारण कार सड़क किनारे लगे बैरिकेड को तोड़ते हुए निर्माणाधीन पुल के पिलर से जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और बचाव दल मौके पर पहुंचे और सभी घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया।
तेज रफ्तार बनी हादसे की सबसे बड़ी वजह
पुलिस की शुरुआती जांच के अनुसार, हादसा मंगलवार रात करीब 10 बजे हुआ। कार में सवार सभी लोग घूमने के लिए हिमाचल आए थे और मनाली से लाहौल की ओर जा रहे थे। जैसे ही कार अटल टनल के नॉर्थ पोर्टल से बाहर निकली, सामने आए मोड़ पर चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा। इसके बाद कार सड़क से उतर गई और नदी पर बन रहे पुल के पिलर से टकरा गई। हादसे में राजस्थान के सीकर निवासी 34 वर्षीय कैलाश की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं उत्तर प्रदेश के लखीमपुर निवासी आदित्य और राजस्थान के सीकर निवासी राजेंद्र व चालक सिद्धार्थ घायल हो गए। घायलों को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
पुलिस ने शुरू की जांच, परिवार को दी गई सूचना
हादसे की जानकारी मिलते ही सिसु थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहत कार्य शुरू कराया। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही मृतक के परिजनों को घटना की सूचना भी दे दी गई है। अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिवार को सौंप दिया जाएगा। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि हादसे के समय कार की रफ्तार कितनी थी और कहीं चालक की लापरवाही तो दुर्घटना की वजह नहीं बनी। दुर्घटनाग्रस्त वाहन को भी सड़क से हटाकर यातायात सामान्य कर दिया गया है।
पर्यटकों को दी गई खास सलाह
हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन ने पर्यटकों से पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि बारिश के मौसम में पहाड़ी सड़कें फिसलन भरी हो जाती हैं और रात के समय दृश्यता भी कम रहती है। ऐसे में तेज रफ्तार या लापरवाही से वाहन चलाना जानलेवा साबित हो सकता है। प्रशासन ने यात्रियों से सलाह दी है कि वे गति सीमा का पालन करें, रात में अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम की जानकारी लेकर ही सफर शुरू करें। यह हादसा एक बार फिर याद दिलाता है कि पहाड़ी इलाकों में छोटी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
