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राजा भैया और उनके पिता के साथ 13 समर्थकों को प्रशासन ने अचानक क्यों किया हाउस अरेस्ट? जानें वजह

प्रतापगढ़ के कुंडा में मुहर्रम से पहले बड़ा प्रशासनिक कदम। राजा भैया, उनके पिता उदय प्रताप सिंह और 13 समर्थकों को नजरबंद किया गया। जानिए पूरा मामला, प्रशासन की तैयारी और इसके पीछे की वजह।

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प्रतापगढ़ जिले के कुंडा क्षेत्र में मुहर्रम को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी क्रम में कुंडा विधायक Raghuraj Pratap Singh उर्फ राजा भैया, उनके पिता Uday Pratap Singh और उनके कुछ समर्थकों को एहतियातन नजरबंद किया गया है। प्रशासन का कहना है कि यह फैसला क्षेत्र में शांति और सौहार्द बनाए रखने के उद्देश्य से लिया गया है। भदरी कोठी और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके। अधिकारियों ने संबंधित लोगों के आवासों पर नोटिस भी चस्पा किए हैं और उन्हें निर्धारित अवधि तक घर से बाहर नहीं निकलने के निर्देश दिए गए हैं।

वर्षों पुरानी परंपरा बनी प्रशासन की चिंता का कारण

कुंडा के शेखपुर क्षेत्र में एक मंदिर को लेकर हर साल होने वाला धार्मिक आयोजन प्रशासन की चिंता का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार वर्ष 2012 में एक बंदर की मौत के बाद वहां हनुमान मंदिर का निर्माण कराया गया था। इसके बाद से राजा भैया के पिता उदय प्रताप सिंह मुहर्रम के दिन मंदिर में हनुमान पाठ और भंडारे का आयोजन करते रहे हैं। प्रशासन का मानना है कि एक ही समय में अलग-अलग धार्मिक कार्यक्रम होने से भीड़ बढ़ सकती है और तनाव की स्थिति पैदा होने की आशंका रहती है। इसी वजह से इस बार पहले से ही सतर्कता बरतते हुए प्रशासन ने नजरबंदी जैसी कार्रवाई को उचित माना है।

 पहले भी विवादों में रहा है यह आयोजन

स्थानीय प्रशासन के रिकॉर्ड के अनुसार वर्ष 2013 और 2014 में मुहर्रम के जुलूस और भंडारे के आयोजन एक ही समय पर होने से क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी थी। हालांकि बाद में हालात नियंत्रित कर लिए गए थे, लेकिन उस घटना को देखते हुए प्रशासन किसी भी तरह का जोखिम लेने के मूड में नहीं है। अधिकारियों का मानना है कि त्योहारों के दौरान छोटी सी चूक भी माहौल बिगाड़ सकती है। यही कारण है कि इस बार पहले से ही व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार क्षेत्र की निगरानी कर रहे हैं तथा संवेदनशील स्थानों पर विशेष नजर रखी जा रही है।

समर्थकों पर भी कार्रवाई, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

प्रशासन द्वारा केवल राजा भैया और उनके पिता ही नहीं बल्कि उनके कई करीबी समर्थकों को भी नजरबंद किया गया है। इनमें विभिन्न गांवों और कस्बों के कई प्रमुख लोग शामिल बताए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार यह कदम पूरी तरह एहतियाती है और इसका उद्देश्य किसी व्यक्ति विशेष को निशाना बनाना नहीं बल्कि कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखना है। पुलिस बल को संवेदनशील इलाकों में तैनात किया गया है और अधिकारियों को लगातार स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का कहना है कि मुहर्रम के दौरान शांति बनाए रखना उसकी प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की अफवाह या विवाद फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

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