पटना में दो कोचिंग संस्थानों के बीच हुए विवाद ने अब गंभीर कानूनी रूप ले लिया है। खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग सेंटर में हुई कथित तोड़फोड़ और फायरिंग की घटना के बाद मामला तेजी से बढ़ता गया और अब यह पुलिस जांच के दायरे से आगे निकलकर न्यायालय तक पहुंचने की स्थिति में दिख रहा है। इसी मामले में फैसल खान उर्फ खान सर पर आर्म्स एक्ट और हत्या की कोशिश जैसी गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई है। बताया जा रहा है कि घटना के बाद से वह अपने कोचिंग संस्थान में मौजूद नहीं हैं और उनका कोई स्पष्ट लोकेशन भी सामने नहीं आया है। इस पूरे घटनाक्रम ने छात्रों और शैक्षणिक जगत में भी चिंता बढ़ा दी है।
पुलिस की कार्रवाई तेज, कोचिंग सेंटर पर तैनाती
मामले की गंभीरता को देखते हुए पटना पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। कदमकुआं थाना क्षेत्र में स्थित कोचिंग संस्थान के बाहर पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति को रोका जा सके। पुलिस का कहना है कि घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसी बीच पुलिस ने एक वायरल वीडियो के आधार पर दो सुरक्षा गार्डों को गिरफ्तार किया है। इन पर आरोप है कि घटना के दौरान कथित रूप से फायरिंग की गई थी। गिरफ्तार किए गए दोनों गार्डों के बयान के आधार पर जांच को और आगे बढ़ाया गया है, जिसके बाद फैसल खान का नाम भी मामले में जोड़ा गया।
हथियार बरामद, एफएसएल जांच शुरू
पुलिस जांच के दौरान घटनास्थल से संबंधित हथियार भी बरामद किए गए हैं, जिन्हें अब फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। इससे यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि गोली चलाने की घटना किस स्तर पर हुई और इसमें कौन-कौन शामिल था। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में पहले ही कुछ अन्य लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जिनमें एक अन्य कोचिंग संस्थान से जुड़े लोग भी शामिल हैं। जांच एजेंसियां अब यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि क्या यह घटना अचानक हुई झड़प थी या इसके पीछे पहले से कोई योजना थी।
कोर्ट में सरेंडर की अटकलों से बढ़ी हलचल
इस पूरे मामले में अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या फैसल खान उर्फ खान सर पटना कोर्ट में सरेंडर करेंगे। सूत्रों के अनुसार शनिवार को उनके कोर्ट में पेश होने की संभावना जताई जा रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसी अटकल ने मामले को और अधिक संवेदनशील बना दिया है। उधर, पुलिस ने छात्रों और आम लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी पारदर्शिता के साथ की जा रही है और कानून व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि अगला कदम कानूनी प्रक्रिया के तहत क्या होगा और क्या सच में सरेंडर होता है या मामला किसी नए मोड़ पर पहुंचता है।
