Homeदेशछात्र राजनीति की आड़ में 'जिस्म और पैसे' का गंदा खेल! कोलकाता...

छात्र राजनीति की आड़ में ‘जिस्म और पैसे’ का गंदा खेल! कोलकाता के नामी कॉलेज से मिला वो सामान, जिसे देख कांप उठेगी रूह

कोलकाता के ऐतिहासिक सुरेंद्रनाथ कॉलेज के छात्र संघ के कमरे से करोड़ों का सड़ा हुआ कैश, एसी बेडरूम, आपत्तिजनक सामान और हथियार बरामद होने से हड़कंप मच गया है।

-

पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता का ऐतिहासिक और बेहद प्रतिष्ठित सुरेंद्रनाथ कॉलेज इस समय शिक्षा नहीं, बल्कि एक बेहद शर्मनाक और हैरान कर देने वाले खुलासे की वजह से पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है। हाल ही में जब कॉलेज प्रशासन ने कैंपस के भीतर स्थित छात्र संघ (स्टूडेंट विंग) के एक बंद कमरे का ताला खोला, तो वहां का नजारा देखकर अधिकारियों के पैरों तले जमीन खिसक गई। इस बंद कमरे के भीतर दो बड़े बॉक्स मिले, जो नोटों की गड्डियों से ठसाठस भरे हुए थे। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, इस कैश की कीमत करीब एक करोड़ रुपये से भी ज्यादा है। चौंकाने वाली बात यह है कि लंबे समय से बंद रहने के कारण इस भारी-भरकम कैश के एक बड़े हिस्से को दीमक चाट चुकी थी। दरअसल, कोलकाता हाई कोर्ट के एक पुराने आदेश के बाद इस कमरे को सील किया गया था, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि इस बंद दरवाजे के पीछे करोड़ों का काला धन छिपा हुआ है।

एसी बेडरूम से लेकर हथियार तक: कॉलेज के भीतर ‘अय्याशी का अड्डा’

इस सनसनीखेज कार्रवाई में सिर्फ नोटों की गड्डियां ही नहीं मिलीं, बल्कि कॉलेज कैंपस के भीतर एक लग्जरी रिसॉर्ट जैसा पूरा सेटअप बरामद हुआ है। तलाशी के दौरान अधिकारियों को दो ऐसे आलीशान बेडरूम मिले, जिनमें स्प्लिट एसी, महंगे गद्दे, तकिए और अटैच्ड बाथरूम जैसी वीआईपी सुविधाएं मौजूद थीं। इसके साथ ही कमरे से शराब की खाली और भरी बोतलें, भारी मात्रा में गर्भनिरोधक (कंडोम) के पैकेट और एक अवैध रिवॉल्वर भी बरामद की गई है। सूत्रों के मुताबिक, कॉलेज के इस हिस्से का इस्तेमाल छात्र राजनीति की आड़ में रसूखदार नेताओं के रहने और मनोरंजन के लिए किया जा रहा था। आरोप है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) के एक रसूखदार छात्र नेता और उनके बेटे इस जगह को अपनी निजी जागीर की तरह इस्तेमाल करते थे और कॉलेज के निचले कर्मचारियों से अपनी मालिश तक करवाते थे। हालांकि, आरोपी नेताओं ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।

ऑडिट के आदेश ने खोला राज, एडमिशन रैकेट से जुड़े तार

आखिर इतने सालों से बंद इस कमरे का राज अचानक कैसे खुला, इसकी कहानी भी काफी दिलचस्प है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा कॉलेजों के स्टूडेंट विंग के फंड और खर्चों का सरकारी ऑडिट करने का आदेश दिया गया था। इसी वित्तीय जांच और ऑडिट की प्रक्रिया को पूरा करने के लिए कॉलेज प्रशासन ने इस विवादित कमरे को खोलने का फैसला किया। इस पूरे मामले के सामने आने के बाद मुख्य विपक्षी दल बीजेपी ने सत्तारूढ़ टीएमसी को आड़े हाथों लिया है। बीजेपी नेताओं का दावा है कि बरामद हुआ यह करोड़ों का कैश कॉलेज में चलने वाले ‘एडमिशन रैकेट’ का हिस्सा है, जहां सीधे-साधे छात्रों से एडमिशन दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की वसूली की जाती थी। विपक्ष का आरोप है कि भ्रष्टाचार का यह पैसा केवल स्थानीय नेताओं तक सीमित नहीं था, बल्कि इसके तार राजनीति के शीर्ष गलियारों तक जुड़े हुए हैं।

गैंगरेप की वो काली पृष्ठभूमि और ईडी जांच की उठती मांग

कॉलेजों में छात्र संघ के कमरों को सील किए जाने के पीछे एक बेहद दर्दनाक इतिहास रहा है। पिछले साल कोलकाता के एक लॉ कॉलेज के स्टूडेंट विंग के कमरे में एक 24 साल की छात्रा के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म के बाद, हाई कोर्ट ने बेहद सख्त रुख अपनाते हुए सभी कॉलेजों के छात्र संघ कमरों को बंद करने का निर्देश दिया था। उसी आदेश के तहत सुरेंद्रनाथ कॉलेज का यह कमरा भी बंद था। अब इस नए खुलासे के बाद राजनीति पूरी तरह गरमा गई है। बीजेपी ने इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जांच कराने की मांग की है ताकि इस अकूत संपत्ति के असली मालिक का पता लगाया जा सके। दूसरी तरफ, इस गंभीर वित्तीय और नैतिक भ्रष्टाचार के आरोपों पर टीएमसी की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक और स्पष्ट प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। पुलिस और प्रशासन अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रहे हैं कि शिक्षा के इस पावन मंदिर को अपराधियों की शरणस्थली किसने बनने दिया।

Read more-बिहार की राजनीति में तेज प्रताप यादव ने कर दी बड़ी भविष्यवाणी, इतने महीनों में चली जाएगी मुख्यमंत्री की कुर्सी?

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest posts