हरियाणा के फरीदाबाद के बल्लभगढ़ इलाके की कबूलपुर कॉलोनी में एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने सभी को हैरान कर दिया। 45 वर्षीय अनीता देवी 6 दिन से लापता थीं और परिवार लगातार उनकी तलाश कर रहा था। शुरुआत में किसी को कुछ समझ नहीं आ रहा था कि आखिर वह कहां गईं। परिवार ने पुलिस में भी शिकायत दी थी, लेकिन कोई ठोस सुराग नहीं मिल पा रहा था। इसी बीच, यह मामला धीरे-धीरे एक रहस्य बनता जा रहा था। लेकिन इस कहानी में असली मोड़ तब आया जब दो आवारा कुत्तों ने पूरे मामले की दिशा ही बदल दी।
‘शेरू’ और ‘रॉकी’ ने दिखाई अनोखी वफादारी, नाले तक पहुंचाया सुराग
स्थानीय लोगों के अनुसार, अनीता देवी रोजाना इन दोनों कुत्तों—‘शेरू’ और ‘रॉकी’—को अपने हाथों से रोटी खिलाती थीं। दोनों कुत्ते भी उनके काफी करीब थे। जब अनीता लापता हुईं, तो ये दोनों कुत्ते भी बेचैन दिखाई दे रहे थे। 18 अप्रैल को जब परिवार और ग्रामीण इलाके में तलाश कर रहे थे, तभी ये कुत्ते अचानक एक नाले की ओर भागे और जोर-जोर से भौंकने लगे। पहले तो लोगों ने इसे सामान्य माना, लेकिन कुत्तों का व्यवहार कुछ अलग था। वे बार-बार एक ही जगह पर जाकर रुक रहे थे। इसके बाद उन्होंने झाड़ियों के पास जाकर एक साड़ी को खींचा, जिससे शक और गहरा हो गया।
नाले में मिला दर्दनाक सच, हत्या की साजिश का खुलासा
जब लोगों ने नाले के पास ध्यान से देखा, तो शेरू ने पानी भरे नाले में छलांग लगा दी। इसी दौरान पानी के अंदर एक शव दिखाई दिया, जो अनीता देवी का था। यह देखकर पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। जांच शुरू होने पर जो सच सामने आया, वह बेहद चौंकाने वाला था। पुलिस के मुताबिक, अनीता देवी की हत्या उनके ही पड़ोस में रहने वाले एक युवक और उसके पिता ने मिलकर की थी। आरोपी युवक बहाने से उन्हें घर से बाहर ले गया और फिर रास्ते में उनकी हत्या कर दी गई। इसके बाद शव को छिपाने के लिए नाले में फेंक दिया गया था ताकि किसी को शक न हो।
एक आरोपी गिरफ्तार, दूसरा फरार, कुत्तों की वफादारी बनी मिसाल
पुलिस ने मामले में तेजी दिखाते हुए पिता को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि बेटा अभी भी फरार बताया जा रहा है। उसकी तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही हत्या के पीछे की पूरी वजह साफ हो पाएगी। वहीं, इस घटना में सबसे खास बात यह रही कि जिन कुत्तों को लोग अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं, उन्होंने ही इस केस में सबसे बड़ा सुराग दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि शेरू और रॉकी की वजह से ही सच्चाई सामने आ सकी। यह घटना अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग इन बेजुबान जानवरों की वफादारी की तारीफ कर रहे हैं।
