उत्तर प्रदेश की रामनगरी अयोध्या एक बार फिर ऐतिहासिक दीपोत्सव की गवाह बनने जा रही है। इस बार योगी सरकार के दसवें दीपोत्सव को पहले से अधिक भव्य बनाने की तैयारी की गई है। सरयू नदी के किनारे स्थित 56 घाटों पर करीब 30 से 33 लाख दीपक जलाने का लक्ष्य रखा गया है। इस आयोजन को खास बनाने के लिए लगभग 35 हजार स्वयंसेवक दिन-रात मेहनत कर रहे हैं। राम की पैड़ी समेत सभी प्रमुख घाटों को दीपकों से सजाया गया है। आयोजन के दौरान जब हजारों दीपक एक साथ जलेंगे तो पूरी रामनगरी रोशनी से नहा उठेगी। प्रशासन का प्रयास है कि इस बार दीपोत्सव के जरिए नया रिकॉर्ड बनाया जाए और देश-दुनिया में अयोध्या की भव्यता का संदेश पहुंचे।
35 हजार स्वयंसेवक संभाल रहे जिम्मेदारी, सुरक्षा के लिए बनाए गए 53 सेक्टर
दीपोत्सव में लाखों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। पूरे अयोध्या क्षेत्र को 20 जोन और 53 सेक्टर में बांटकर सुरक्षा व्यवस्था तैयार की गई है। पुलिस के साथ पीएसी, सीआरपीएफ, बम निरोधक दस्ते और फायर ब्रिगेड की टीमें भी तैनात रहेंगी।
भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। वहीं, दीपोत्सव से पहले शुक्रवार को राम की पैड़ी सहित सभी घाटों पर अंतिम रिहर्सल किया जाएगा। स्वयंसेवक दीपकों को निर्धारित स्थानों पर सजाने और आयोजन को व्यवस्थित बनाने में जुटे हैं। प्रशासन की कोशिश है कि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो और पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जा सके।
हर साल बढ़ता गया दीपकों का आंकड़ा
अयोध्या के दीपोत्सव में हर साल दीपकों की संख्या बढ़ती रही है। यही वजह है कि यह आयोजन अब देश के सबसे चर्चित धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल हो चुका है। आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2021 में करीब 9.41 लाख दीपक जलाए गए थे। इसके बाद 2022 में यह संख्या 15.76 लाख, 2023 में 22.23 लाख, 2024 में 25.12 लाख और 2025 में 26.17 लाख तक पहुंच गई।
अब 2026 में 30 से 33 लाख दीपक जलाने की तैयारी है। अगर निर्धारित लक्ष्य हासिल होता है तो अयोध्या अपने पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ देगी। इस आयोजन को लेकर स्थानीय लोगों के साथ देश के अलग-अलग हिस्सों से आने वाले श्रद्धालुओं में भी खास उत्साह देखने को मिल रहा है।
2100 ड्रोन से आसमान में दिखेगी रामायण की झलक, आकर्षण का केंद्र होगा विशेष शो
इस बार दीपोत्सव में सिर्फ सरयू के घाटों की रोशनी ही नहीं, बल्कि आसमान में होने वाला विशेष आयोजन भी लोगों का ध्यान खींचेगा। राम की पैड़ी पर 2100 ड्रोन की मदद से रामायण पर आधारित विशेष शो आयोजित करने की तैयारी है। इसके जरिए आसमान में भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रसंगों और पौराणिक दृश्यों को आकर्षक अंदाज में प्रदर्शित किया जाएगा।
इसके अलावा पूरी अयोध्या को रंग-बिरंगी रोशनी और सजावट से खूबसूरत रूप दिया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आयोजित हो रहा यह दसवां दीपोत्सव धार्मिक आस्था के साथ उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को भी नई ऊंचाई देने का प्रयास है। अब सभी की नजरें दीपोत्सव के दिन पर टिकी हैं, जब लाखों दीपकों की रोशनी और ड्रोन शो मिलकर रामनगरी को एक अलग ही भव्य रूप देंगे।
