बिहार की राजनीति में अपने अलग अंदाज के लिए चर्चित विधायक अनंत सिंह शुक्रवार को प्रयागराज के लिए रवाना हो गए। वह यहां अपने पुराने मित्र पप्पू सलमान के घर आयोजित शादी समारोह में शामिल होंगे। प्रयागराज जाने से पहले पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने इस दौरे की वजह बताई। अनंत सिंह ने कहा कि पप्पू सलमान के साथ उनकी काफी पुरानी दोस्ती है और दोनों परिवारों के बीच भी अच्छे संबंध हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उनके परिचित केवल बिहार तक सीमित नहीं हैं, बल्कि देश के अलग-अलग हिस्सों में उनके जानने वाले लोग हैं। अनंत सिंह के मुताबिक, दोस्ती और रिश्तों को राजनीति से जोड़कर नहीं देखना चाहिए। यही वजह है कि वह अपने पुराने मित्र के परिवार के इस खास मौके पर शामिल होने जा रहे हैं।
विधानसभा के नोटिस पर अभी नहीं देंगे जवाब, शादी के बाद करेंगे बात
प्रयागराज रवाना होने से पहले अनंत सिंह ने बिहार विधानसभा से मिले नोटिस को लेकर भी अपनी बात रखी। उनसे सात दिनों के भीतर जवाब मांगा गया है। इस पर उन्होंने साफ कहा कि फिलहाल वह शादी समारोह में शामिल होने जा रहे हैं और वापस लौटने के बाद ही नोटिस का जवाब देंगे। उन्होंने कहा कि पहले अपना काम पूरा करेंगे, फिर इस मामले पर अपनी बात रखेंगे। गौरतलब है कि जेडीयू से निष्कासित किए जा चुके अनंत सिंह की विधानसभा सदस्यता को लेकर भी राजनीतिक और कानूनी चर्चाएं चल रही हैं। ऐसे में उनका यह बयान काफी अहम माना जा रहा है। अब देखना होगा कि प्रयागराज से लौटने के बाद वह विधानसभा के नोटिस पर क्या जवाब देते हैं और आगे उनकी राजनीतिक रणनीति क्या रहती है।
सरेंडर की तारीख पर भी किया खुलासा
बातचीत के दौरान अनंत सिंह ने सरेंडर की समयसीमा को लेकर भी सफाई दी। उन्होंने बताया कि अदालत की ओर से उन्हें 4 दिसंबर तक सरेंडर करने का समय मिला है। वहीं, बिहार में बाढ़ प्रभावित लोगों को केंद्र सरकार से मुआवजा नहीं मिलने के तेजस्वी यादव के आरोप पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि फिलहाल उन्हें इस मामले की पूरी जानकारी नहीं है। बिहार वापस आने के बाद ही वह इस मुद्दे पर कुछ कह सकेंगे। अनंत सिंह ने इस दौरान साफ कर दिया कि अभी उनका ध्यान प्रयागराज में होने वाले शादी समारोह पर है। राजनीतिक सवालों पर उन्होंने फिलहाल कोई विस्तृत टिप्पणी करने से परहेज किया।
लालू यादव और तेजस्वी को भी देंगे बेटी की शादी का न्योता
अनंत सिंह ने अपनी बेटी की शादी को लेकर भी दिलचस्प जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वह बेटी की शादी का निमंत्रण लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव समेत बिहार के तमाम नेताओं को देंगे। यानी राजनीतिक मतभेदों के बावजूद वह व्यक्तिगत संबंधों को बनाए रखना चाहते हैं। वहीं, जेडीयू की समीक्षा बैठक में नीतीश कुमार, निशांत कुमार और ललन सिंह की गैरमौजूदगी को लेकर सवाल पूछे जाने पर उन्होंने कोई टिप्पणी नहीं की। उन्होंने कहा कि बिहार लौटने के बाद इस बारे में जानकारी देंगे। फिलहाल अनंत सिंह का प्रयागराज दौरा चर्चा में है, लेकिन उनकी वापसी के बाद विधानसभा के नोटिस और बिहार की राजनीति पर आने वाला उनका बयान भी काफी महत्वपूर्ण हो सकता है।
