बिहार के अररिया जिले के फारबिसगंज में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। सुबह के समय मार्केटिंग यार्ड में एक पिकअप ड्राइवर नूर हसन सब्जी लेकर पहुंचा था। इसी दौरान उसकी एक स्थानीय दुकानदार राहुल चौहान से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि राहुल ने गुस्से में आकर पहले चाकू से हमला किया और फिर बेरहमी से उसका गला रेत दिया। घटना इतनी अचानक हुई कि मौके पर मौजूद लोग समझ ही नहीं पाए कि क्या हो रहा है।
कातिल का खौफनाक रूप, लोग बनते रहे तमाशबीन
इस वारदात ने क्रूरता की सारी सीमाएं पार कर दीं। चश्मदीदों के मुताबिक, हत्या के बाद आरोपी काफी देर तक कटा हुआ सिर हाथ में लेकर बाजार में खड़ा रहा। वहां मौजूद सैकड़ों लोग इस खौफनाक मंजर को देखते रहे, लेकिन किसी ने भी उसे रोकने की हिम्मत नहीं दिखाई। कई लोग इस पूरी घटना का वीडियो बनाते रहे, जिससे यह साफ होता है कि डर और सनसनी के बीच इंसानियत कहीं पीछे छूट गई। बाद में आरोपी मौके से फरार हो गया।
गुस्साई भीड़ ने आरोपी को उतारा मौत के घाट
जैसे ही इस निर्मम हत्या की खबर गांव और आसपास के इलाकों में फैली, लोगों में आक्रोश भड़क उठा। गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपी राहुल चौहान का पीछा किया और उसे पकड़ लिया। उसे वापस उसी जगह लाया गया जहां उसने वारदात को अंजाम दिया था। इस दौरान पुलिस भी मौके पर मौजूद थी, लेकिन भीड़ का गुस्सा इतना ज्यादा था कि किसी की नहीं चली। लोगों ने आरोपी की पीट-पीटकर हत्या कर दी और देखते ही देखते यह घटना डबल मर्डर में बदल गई।
अस्पताल में तोड़फोड़, पूरे शहर में तनाव का माहौल
दोहरी हत्या के बाद हालात और बिगड़ गए। उग्र भीड़ ने फारबिसगंज अनुमंडलीय अस्पताल में घुसकर जमकर तोड़फोड़ की। इस दौरान डॉक्टर और स्टाफ अपनी जान बचाने के लिए भागने पर मजबूर हो गए। पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और बाजार भी बंद हो गए। मौके पर पहुंचे एसपी जितेंद्र कुमार ने हालात को काबू में करने की कोशिश की और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। फिलहाल स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बताई जा रही है।
