पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को लेकर सोमवार को अचानक बड़ी खबर सामने आई, जब उन्हें दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में भर्ती कराया गया. जानकारी के अनुसार, 10 जनवरी को धनखड़ अपने आवास पर वॉशरूम में गए थे, जहां वह दो बार अचानक बेहोश हो गए. इस घटना के बाद उनके परिजनों और करीबियों में चिंता बढ़ गई. हालांकि शुरुआत में उन्हें घर पर ही आराम की सलाह दी गई थी, लेकिन बार-बार बेहोशी की घटनाओं को गंभीर मानते हुए डॉक्टरों ने विस्तृत जांच की सिफारिश की. इसके बाद उन्हें AIIMS ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनकी निगरानी कर रही है. अस्पताल सूत्रों के मुताबिक, उनकी MRI समेत अन्य जरूरी जांचें की जा रही हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि बार-बार बेहोश होने की असली वजह क्या है. फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है और वह डॉक्टरों की निगरानी में हैं.
पहले भी कई बार सार्वजनिक कार्यक्रमों में आ चुके हैं बेहोश
यह पहली बार नहीं है जब पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को इस तरह की समस्या का सामना करना पड़ा हो. उपराष्ट्रपति रहते हुए वह कई सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान अचानक अस्वस्थ हो चुके हैं. कच्छ के रण, उत्तराखंड, केरल और दिल्ली में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान भी वह बेहोश होने की स्थिति में देखे गए थे. इन घटनाओं के बाद उस समय भी उनकी सेहत को लेकर सवाल उठे थे. हालांकि आधिकारिक तौर पर इसे सामान्य स्वास्थ्य समस्या बताया गया था, लेकिन बार-बार ऐसी घटनाओं ने उनकी सेहत को लेकर अटकलों को जन्म दिया. अब वॉशरूम में दो बार बेहोश होने की घटना ने इन चिंताओं को और गहरा कर दिया है. डॉक्टरों का मानना है कि उम्र, अत्यधिक काम का दबाव और पहले से मौजूद स्वास्थ्य संबंधी कारण इसकी वजह हो सकते हैं. यही कारण है कि इस बार उन्हें पूरी जांच के लिए AIIMS में भर्ती किया गया है, ताकि भविष्य में किसी बड़े खतरे से बचा जा सके.
मानसून सत्र के पहले दिन इस्तीफा, तब भी उठे थे सवाल
पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का इस्तीफा भी अपने समय में काफी चर्चा का विषय बना था. संसद का मानसून सत्र 21 जुलाई 2025 को शुरू हुआ था. उसी दिन वह राज्यसभा के सभापति के रूप में सदन की कार्यवाही का संचालन करते नजर आए थे. लेकिन उसी रात उपराष्ट्रपति के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से उनके इस्तीफे की घोषणा हो गई. अपने इस्तीफे में उन्होंने स्वास्थ्य कारणों का हवाला दिया था. हालांकि उनके अचानक इस्तीफे ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी थी. विपक्षी दलों और कई राजनीतिक विश्लेषकों ने सवाल उठाए थे कि क्या वजह सिर्फ सेहत थी या इसके पीछे कोई और कारण भी था. अब जब उनकी तबीयत को लेकर फिर से गंभीर खबर सामने आई है, तो उस समय दिए गए स्वास्थ्य कारणों को लेकर चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं. कई लोग मान रहे हैं कि लंबे समय से चल रही स्वास्थ्य समस्याओं के कारण ही उन्होंने पद छोड़ने का फैसला किया था.
इस्तीफे के बाद आवास और सुविधाओं को लेकर भी रही चर्चा
इस्तीफे के बाद भी पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ से जुड़ी खबरें लगातार सामने आती रहीं. कुछ समय पहले यह जानकारी सामने आई थी कि इस्तीफे के करीब पांच महीने बाद भी उन्हें सरकारी आवास आवंटित नहीं किया गया था. इसको लेकर उन्होंने 22 अगस्त को आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के सचिव को पत्र भी लिखा था. नियमों के अनुसार, पूर्व उपराष्ट्रपति को सरकार की ओर से कई सुविधाएं मिलती हैं. इनमें हर महीने दो लाख रुपये की पेंशन, टाइप-8 सरकारी बंगला, एक निजी सचिव, एक अतिरिक्त निजी सचिव, निजी सहायक, डॉक्टर, नर्सिंग अधिकारी समेत चार निजी सहायक शामिल हैं. इसके अलावा उनके निधन के बाद उनके जीवनसाथी को टाइप-7 आवास में रहने की सुविधा दी जाती है. फिलहाल उनकी तबीयत को लेकर देशभर में लोग चिंतित हैं और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं. AIIMS के डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए है और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी.
Read More-आधी रात गूंजे सिलेंडर धमाके, आग में बदल गया पूरा बाजार… 8 साल की बच्ची जिंदा जली, कई लोग अब भी लापता
