दिल्ली में CJP के प्रदर्शन के बीच राजनीतिक हलचल और तेज हो गई, जब तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रमुख और पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। ममता बनर्जी साउथ एवेन्यू बस स्टैंड पर पार्टी सांसदों के साथ धरना दे रही थीं। यह विरोध मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों और कथित वोट चोरी के मुद्दे को लेकर किया जा रहा था। प्रदर्शन के दौरान टीएमसी नेताओं के हाथों में चुनाव आयोग और मतदाता सूची से जुड़े सवाल उठाने वाले पोस्टर दिखाई दिए। पुलिस की कार्रवाई के बाद मौके पर मौजूद पार्टी कार्यकर्ताओं ने विरोध जताया और नारेबाजी शुरू कर दी।
मुंह पर बैंडेज लगाकर जताया विरोध
प्रदर्शन के दौरान ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) के मुंह पर बैंडेज जैसा चिपकने वाला टेप लगा दिखाई दिया। उनकी यह तस्वीर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गई। जब पुलिस उन्हें हिरासत में लेने पहुंची, तब TMC के राज्यसभा सांसद डेरेक ओ ब्रायन और पुलिसकर्मियों के बीच तीखी बहस हुई। इस दौरान डेरेक ओ ब्रायन ने ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) को नहीं छूने की बात कहते हुए विरोध जताया। मौके पर मौजूद TMC कार्यकर्ताओं ने भी पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ नारे लगाए। इसके बाद पुलिस ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) और अन्य नेताओं को वाहन में बैठाकर वहां से ले गई।
PHOTO | TMC chief Mamata Banerjee and party leaders sit on a dharna at a bus stand at South Avenue, detained by Delhi Police.
#DelhiPolice #TMC #MamataBanerjee #DelhiNews
(Source: Third Party) https://t.co/HJXpdPfRN2
— Press Trust of India (@PTI_News) October 10, 2026
TMC के कई नेता भी हिरासत में
TMC नेता साकेत गोखले के अनुसार, ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) के साथ पार्टी के पांच अन्य नेताओं को भी दिल्ली पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) ने हिरासत में लिया। गोखले ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि नेताओं को उनके आवास के बाहर से हिरासत में लेकर एक वाहन में बैठाया गया और किसी अज्ञात स्थान पर ले जाया जा रहा है। उन्होंने इस कार्रवाई की आलोचना करते हुए इसे लोकतंत्र के लिए चिंताजनक बताया। हालांकि, हिरासत में लिए गए सभी नेताओं की मौजूदा स्थिति और उन्हें कहां ले जाया गया, इस बारे में आधिकारिक जानकारी सामने आना जरूरी है।
वोट चोरी के आरोपों को लेकर बढ़ा राजनीतिक टकराव
TMC के प्रदर्शन में शामिल नेताओं ने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल, बिहार और अन्य जगहों पर मतदाता सूची से जुड़े मामलों में गड़बड़ियां हुई हैं। पोस्टरों के जरिए चुनाव आयोग पर सवाल उठाए गए और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग की गई। दूसरी ओर, दिल्ली में प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था सख्त रही और पुलिस ने कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों को रोका। ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) की हिरासत के बाद राजनीतिक विवाद और गहरा गया है। अब इस मामले में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया और TMC की आगे की रणनीति पर नजर रहेगी।
Read More-‘दिल्ली में आगजनी की साजिश?’ CJP प्रदर्शन पर BJP का बड़ा हमला, संबित पात्रा के बयान से गरमाई सियासत
