गोवा के चर्चित नाइट क्लब अग्निकांड मामले में आज एक अहम मोड़ आने वाला है। 6 दिसंबर की रात अरपोरा स्थित नाइट क्लब में लगी भीषण आग के मुख्य आरोपी लूथरा ब्रदर्स को आज रात दिल्ली एयरपोर्ट लाया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, दोनों भाइयों को थाईलैंड के बैंकॉक से भारत डिपोर्ट किया जा रहा है। पहले योजना थी कि गोवा पुलिस की टीम बैंकॉक जाकर आरोपियों को भारत लाएगी, लेकिन अब प्रक्रिया में बदलाव किया गया है। तय हुआ है कि लूथरा ब्रदर्स को सीधे दिल्ली लाया जाएगा, जहां गोवा पुलिस उन्हें औपचारिक रूप से हिरासत में लेगी। इस पूरे ऑपरेशन के लिए गोवा पुलिस की विशेष टीम आज ही दिल्ली रवाना हो रही है, ताकि एयरपोर्ट पर किसी भी तरह की चूक न हो।
बैंकॉक से भारत वापसी, डिपोर्टेशन के बाद सीधे हिरासत
लूथरा ब्रदर्स पिछले कुछ समय से भारत से बाहर थे और जांच एजेंसियों की पकड़ से दूर चल रहे थे। जांच के दौरान यह सामने आया कि अग्निकांड के बाद दोनों भाई देश छोड़कर बैंकॉक चले गए थे। इसके बाद गोवा पुलिस ने इंटरनेशनल स्तर पर कार्रवाई तेज की और संबंधित एजेंसियों से संपर्क किया। लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद अब थाईलैंड से दोनों आरोपियों को भारत निर्वासित किया जा रहा है। डिपोर्टेशन पूरा होते ही दिल्ली एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन की औपचारिकताएं होंगी, जिसके तुरंत बाद गोवा पुलिस उन्हें टेकओवर करेगी। चूंकि केस गोवा में दर्ज है, इसलिए गिरफ्तारी और आगे की जांच की जिम्मेदारी पूरी तरह गोवा पुलिस की ही होगी।
दिल्ली से सीधे गोवा, अंजुना पुलिस स्टेशन में होगी गहन पूछताछ
दिल्ली एयरपोर्ट पर कस्टडी मिलने के बाद लूथरा ब्रदर्स को देर रात या तड़के गोवा ले जाया जाएगा। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उन्हें सीधे अंजुना पुलिस स्टेशन लाया जाएगा, जहां पहले से पूछताछ की पूरी तैयारी कर ली गई है। जांच एजेंसियां यह जानना चाहती हैं कि नाइट क्लब में सुरक्षा मानकों की अनदेखी क्यों की गई, आग लगने के समय इमरजेंसी इंतजाम क्यों नाकाम रहे और क्या इसमें किसी तरह की लापरवाही या साजिश शामिल थी। इसके अलावा फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट, इवेंट परमिशन, बिजली और साउंड सिस्टम से जुड़े दस्तावेजों की भी गहराई से जांच की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाएगी कि हादसे के बाद दोनों भाइयों ने देश छोड़ने का फैसला क्यों किया और इसमें किसी ने उनकी मदद तो नहीं की।
गोवा क्लब अग्निकांड: हादसा या लापरवाही
6 दिसंबर की रात अरपोरा के जिस नाइट क्लब में आग लगी थी, वह इलाका पर्यटकों के बीच बेहद लोकप्रिय माना जाता है। आग लगने के बाद क्लब में अफरा-तफरी मच गई थी और कई लोग अंदर फंस गए थे। इस हादसे ने न सिर्फ गोवा बल्कि पूरे देश में नाइट क्लबों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। शुरुआती जांच में सामने आया कि फायर सेफ्टी नियमों का सही तरीके से पालन नहीं किया गया था। अब लूथरा ब्रदर्स की गिरफ्तारी के बाद जांच को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। पुलिस उनसे यह भी जानने की कोशिश करेगी कि क्लब के संचालन में और कौन-कौन लोग शामिल थे और क्या किसी अधिकारी की मिलीभगत से नियमों की अनदेखी की गई। इस केस में आगे और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
