उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर समाजवादी पार्टी के भीतर सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं। वरिष्ठ नेता आजम खान (Azam Khan) और सपा प्रमुख अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) की रामपुर जेल में हुई मुलाकात के बाद सीटों की मांग को लेकर कई तरह के दावे किए जा रहे थे। चर्चा थी कि आजम खान (Azam Khan) ने आगामी चुनाव में 15 सीटें देने की मांग रखी है। अब अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने इस सवाल पर अपनी बात रखकर इन अटकलों को नया मोड़ दे दिया है। उनके बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात के मायने निकाले जा रहे हैं।
15 सीटों की मांग पर अखिलेश यादव ने क्या कहा?
आजम खान (Azam Khan) ने 2027 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी से 15 सीटें मांगी हैं, इस दावे पर अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि आजम खान (Azam Khan) ने न तो टिकट मांगा है और न ही सीटों की कोई मांग रखी है। जब उनसे पूछा गया कि क्या दोनों नेताओं के बीच चुनावी सीटों को लेकर चर्चा हुई, तो अखिलेश ने कहा कि 403 सीटों को लेकर बातचीत हुई है। उनके इस जवाब के बाद सीटों की मांग को लेकर चल रही अटकलों पर सवाल खड़े हो गए हैं। हालांकि, अखिलेश के बयान से यह स्पष्ट नहीं हुआ कि 403 सीटों पर किस तरह की विस्तृत चर्चा हुई। ऐसे में इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक चर्चाएं जारी हैं।
जेल में 45 मिनट की मुलाकात, आजम खान से किन मुद्दों पर हुई बात?
अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) रामपुर जेल में आजम खान (Azam Khan) से मिलने पहुंचे थे। जेल प्रशासन ने दोनों नेताओं की मुलाकात के लिए 45 मिनट का समय तय किया था। अखिलेश ने इस मुलाकात को पारिवारिक बताया और कहा कि आजम खान (Azam Khan) समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं, इसलिए उनसे मिलना जरूरी था। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि बातचीत के दौरान कई मुद्दों पर चर्चा हुई और आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर आजम खान (Azam Khan) के सुझाव भी लिए गए। इससे पहले आजम खान (Azam Khan) की पत्नी तंजीम फातिमा ने भी सीटों की मांग से जुड़ी खबरों को खारिज किया था। उन्होंने कहा था कि मुलाकात पारिवारिक थी और किसी सीट को लेकर चर्चा नहीं हुई थी। ऐसे में 15 सीटों की मांग का दावा अब भी स्पष्ट रूप से साबित नहीं हुआ है।
2027 में गठबंधन और सरकार बनाने पर अखिलेश यादव का बड़ा दावा
रामपुर जेल में मुलाकात के बाद अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर अपनी रणनीति के संकेत भी दिए। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के साथ पहले से जुड़े सहयोगी दल मिलकर चुनाव लड़ेंगे। अखिलेश ने दावा किया कि 2027 में प्रदेश में सपा की सरकार बनेगी। उन्होंने आजम खान (Azam Khan) के परिवार से भी मुलाकात करने की बात कही। चुनाव से पहले आजम खान (Azam Khan) की भूमिका और पार्टी के भीतर उनकी राय को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, सीटों के बंटवारे को लेकर अभी किसी औपचारिक फैसले की जानकारी सामने नहीं आई है। अब देखना होगा कि आने वाले समय में सपा की चुनावी रणनीति क्या रहती है और आजम खान (Azam Khan) की सलाह को पार्टी किस तरह शामिल करती है।
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