Kanpur News: कानपुर कमिश्नरेट पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये का गांजा बरामद किया है। पुलिस को सूचना मिली थी कि एक कंटेनर के जरिए बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ लाया जा रहा है। इसके बाद क्राइम ब्रांच और सजेती थाना पुलिस ने संयुक्त अभियान चलाकर कंटेनर को रास्ते में रोक लिया। पहली नजर में कंटेनर सामान्य दिखाई दे रहा था, लेकिन जब पुलिस ने गहराई से जांच की तो उसके अंदर एक गुप्त कम्पार्टमेंट मिला। जैसे ही इस हिस्से को खोला गया, उसमें बड़ी मात्रा में गांजा छिपा मिला। बरामद गांजे का वजन करीब 450 किलोग्राम बताया गया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 6 करोड़ रुपये आंकी गई है।
उड़ीसा से लाया जा रहा था गांजा, एक आरोपी गिरफ्तार
पुलिस जांच में सामने आया कि यह गांजा उड़ीसा के नवरंगपुर इलाके से कंटेनर में भरकर लाया जा रहा था। तस्करों ने पकड़े जाने से बचने के लिए कंटेनर के अंदर खास तरीके से सीक्रेट कम्पार्टमेंट तैयार किया था, ताकि सामान्य जांच में किसी को इसकी जानकारी न मिले। लेकिन पुलिस की सतर्कता के चलते पूरी साजिश का खुलासा हो गया। कार्रवाई के दौरान कंटेनर चला रहे जयपुर निवासी रामसुमेर को गिरफ्तार कर लिया गया। फिलहाल उससे पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस तस्करी के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं और यह खेप कहां पहुंचाई जानी थी।
ऑपरेशन व्हाइट पाउडर के तहत मिली बड़ी सफलता
यह पूरी कार्रवाई एडीसीपी साउथ सुमित सुधाकर रामटेके के निर्देशन में चल रहे ‘ऑपरेशन व्हाइट पाउडर’ के तहत की गई। पुलिस टीम ने अनूपुर-परास रोड पर बरीपाल और कुरिया गांव के बीच कंटेनर को रोककर उसकी तलाशी ली। जांच के दौरान कंटेनर की बनावट पर शक होने के बाद टीम ने अंदर मौजूद गुप्त हिस्से की जांच की, जहां से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और ऐसे नेटवर्क से जुड़े लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब इस मामले को सिर्फ एक गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रखना चाहती। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि गांजे की यह खेप किन लोगों ने तैयार करवाई, इसे कहां पहुंचाया जाना था और इस पूरे नेटवर्क में कितने लोग शामिल हैं। कंटेनर के रूट, मोबाइल कॉल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी सबूतों की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ में कई अहम खुलासे हो सकते हैं। पुलिस का कहना है कि प्रदेश में नशे के कारोबार पर रोक लगाने के लिए आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि युवाओं को नशे के जाल से बचाया जा सके।
