डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत और प्रधानमंत्री मोदी को लेकर बड़ा बयान दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर बातचीत सही दिशा में आगे बढ़ रही है और जल्द ही इस पर सकारात्मक परिणाम सामने आ सकते हैं। ट्रंप ने प्रधानमंत्री मोदी को अपना “अच्छा दोस्त” बताते हुए कहा कि दोनों नेताओं के बीच मजबूत और भरोसेमंद संबंध हैं। उनके इस बयान ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति और व्यापार जगत में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। खास बात यह है कि यह बयान ऐसे समय आया है जब दोनों देशों के बीच व्यापारिक समझौते को अंतिम रूप देने के प्रयास तेज हो गए हैं। ट्रंप की टिप्पणी को भारत-अमेरिका संबंधों में बढ़ती नजदीकी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
ट्रेड डील को लेकर फिर तेज हुई बातचीत
भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से व्यापार से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा चल रही है। हाल के दिनों में दोनों देशों के अधिकारियों के बीच कई दौर की बातचीत हुई है, जिसमें बाजार तक पहुंच, व्यापारिक नियम, सीमा शुल्क प्रक्रियाएं और आर्थिक सहयोग जैसे विषय शामिल रहे। अमेरिका की ओर से आए प्रतिनिधिमंडल की हालिया यात्रा के बाद इस प्रक्रिया को और गति मिली है। जानकारों का मानना है कि यदि यह समझौता अंतिम रूप लेता है तो दोनों देशों के व्यापारिक संबंधों को बड़ा लाभ मिल सकता है। ट्रंप ने भी संकेत दिया कि दोनों पक्ष समझौते के करीब पहुंच रहे हैं। दुनिया की दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच होने वाली यह संभावित डील वैश्विक व्यापार पर भी असर डाल सकती है। इसी वजह से निवेशकों और उद्योग जगत की नजरें इस बातचीत पर बनी हुई हैं।
#WATCH | President Donald Trump says, “For years, India took advantage of the United States… They charged us tremendous tariffs and paid nothing… Now it is the exact reverse and we are making a lot of money with India. But we will get to a deal because I like your Prime… pic.twitter.com/IR2x2MqUV5
— ANI (@ANI) June 4, 2026
पुतिन की टिप्पणी के बाद बढ़ी अंतरराष्ट्रीय चर्चा
ट्रंप के बयान से पहले रूस के राष्ट्रपति Vladimir Putin ने भी भारत और प्रधानमंत्री मोदी की खुलकर सराहना की थी। पुतिन ने कहा था कि भारत अपनी स्वतंत्र विदेश नीति के आधार पर फैसले लेने वाला देश है और किसी भी बाहरी दबाव के बावजूद अपने राष्ट्रीय हितों को प्राथमिकता देता है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत और रूस के रिश्ते मजबूत हैं और अन्य देशों के साथ भारत के संबंधों का उन पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता। पुतिन के इस बयान को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी महत्व दिया गया। इसके बाद ट्रंप की ओर से आए सकारात्मक संदेश ने भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका को लेकर चर्चाओं को और तेज कर दिया है। कई विशेषज्ञ इसे भारत की मजबूत कूटनीतिक स्थिति का संकेत मान रहे हैं।
भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका पर दुनिया की नजर
पिछले कुछ वर्षों में भारत ने वैश्विक मंच पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। अमेरिका, रूस, यूरोप और अन्य देशों के साथ संतुलित संबंध बनाए रखने की नीति को भारत की बड़ी ताकत माना जाता है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने व्यापार, निवेश, ऊर्जा, तकनीक और सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण साझेदारियां विकसित की हैं। यही वजह है कि दुनिया की बड़ी शक्तियां भारत के साथ अपने संबंधों को और मजबूत करने में रुचि दिखा रही हैं। ट्रंप और पुतिन जैसे प्रभावशाली नेताओं के हालिया बयानों को भी इसी संदर्भ में देखा जा रहा है। आने वाले समय में भारत-अमेरिका व्यापार समझौते और भारत के अन्य वैश्विक साझेदारों के साथ संबंध किस दिशा में आगे बढ़ते हैं, इस पर पूरी दुनिया की नजर बनी रहेगी।
