दक्षिण अमेरिकी देश कोलंबिया में एक बड़ा सैन्य विमान हादसा सामने आया है, जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। यह हादसा पेरू की सीमा के पास अमेजन के घने जंगलों में हुआ, जहां कोलंबियाई सेना का एक ट्रांसपोर्ट विमान अचानक क्रैश हो गया। बताया जा रहा है कि विमान ने जैसे ही उड़ान भरी, कुछ ही मिनटों बाद उसका संपर्क एयर ट्रैफिक कंट्रोल से टूट गया। शुरुआत में किसी को अंदाजा नहीं था कि क्या हुआ है, लेकिन थोड़ी ही देर बाद आसमान में उठता धुआं और आग की लपटों ने इस हादसे की भयावहता को उजागर कर दिया। इस दुर्घटना में अब तक 66 सैनिकों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई अन्य लोग घायल या लापता बताए जा रहे हैं।
बड़ी संख्या में सैनिक थे सवार, राहत कार्य चुनौतीपूर्ण
मिली जानकारी के अनुसार, इस सैन्य विमान में 125 लोग सवार थे, जिनमें ज्यादातर सेना के जवान थे। इसके अलावा कुछ तकनीकी स्टाफ और सुरक्षा कर्मी भी मौजूद थे। हादसा जिस इलाके में हुआ, वह घना जंगल और दुर्गम क्षेत्र है, जिसके चलते राहत और बचाव कार्य में काफी मुश्किलें आईं। स्थानीय ग्रामीणों ने सबसे पहले घटनास्थल तक पहुंचकर घायलों की मदद की और प्रशासन को सूचना दी। इसके बाद सेना और बचाव दलों को मौके पर भेजा गया। खराब मौसम और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद बचाव टीमों ने कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला, लेकिन कई सैनिकों की जान नहीं बचाई जा सकी। इस घटना ने पूरे देश में शोक की लहर दौड़ा दी है।
तकनीकी खराबी या कोई और कारण? जांच जारी
हादसे की असली वजह अभी साफ नहीं हो पाई है, लेकिन शुरुआती जांच में तकनीकी खराबी को संभावित कारण माना जा रहा है। कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि उड़ान भरते समय विमान का संतुलन बिगड़ गया था, जिससे वह नीचे गिर गया। वहीं, कुछ स्थानीय सूत्रों का कहना है कि विमान किसी ऊंचे पेड़ या बाधा से टकरा गया, जिससे उसमें आग लग गई। हालांकि, अब तक किसी भी तरह के हमले या बाहरी साजिश की पुष्टि नहीं हुई है। कोलंबियाई रक्षा मंत्रालय ने इस मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं और ब्लैक बॉक्स को तलाशने की कोशिश की जा रही है, जिससे दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाया जा सके।
सरकार का बयान और आगे की कार्रवाई
इस हादसे के बाद कोलंबिया सरकार और सेना ने गहरा शोक व्यक्त किया है। राष्ट्रपति ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए कहा कि देश ने अपने बहादुर सैनिकों को खो दिया है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हादसे की पूरी सच्चाई सामने लाई जाएगी और यदि किसी तरह की लापरवाही पाई जाती है तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने घायलों के इलाज और पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया है। यह हादसा कोलंबिया के हालिया इतिहास के सबसे बड़े सैन्य विमान हादसों में गिना जा रहा है, जिसने सुरक्षा और तकनीकी तैयारियों पर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आने वाले दिनों में जांच रिपोर्ट से यह स्पष्ट हो पाएगा कि आखिर इस दर्दनाक हादसे के पीछे असली कारण क्या था।
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