मध्यप्रदेश और राजस्थान में कोल्ड्रिफ नामक कफ सिरप पीने से 25 बच्चों की मौत ने पूरे देश को सदमे में डाल दिया है। अब विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत सरकार से सवाल किया है कि क्या यह खतरनाक सिरप अन्य देशों को भी एक्सपोर्ट किया गया।
WHO ने चेतावनी दी है कि अगर दवा विदेशों में भी पहुंची है, तो संगठन ग्लोबल मेडिकल प्रॉडक्ट्स अलर्ट जारी करने पर विचार करेगा। यह कदम वैश्विक स्तर पर बच्चों की सुरक्षा और दवा मानकों की निगरानी को सख्त करने की दिशा में होगा।
भारत में सुरक्षा की बड़ी चूक?
इस खतरनाक सिरप से बच्चों की मौत ने स्वास्थ्य अधिकारियों और परिवारों में चिंता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस घटना से यह साफ हुआ कि दवा निर्माण और वितरण में सुरक्षा मानकों की पर्याप्त निगरानी नहीं थी। स्थानीय रिपोर्ट्स में सामने आया कि कई बच्चों को डॉक्टर की सलाह और स्थानीय फार्मेसियों से मिलने वाले कोल्ड्रिफ सिरप के कारण अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। इस घटना ने साफ कर दिया कि दवा की गुणवत्ता और सुरक्षित वितरण पर लगातार नजर रखना कितना जरूरी है।
WHO का ग्लोबल अलर्ट खतरे की घंटी?
WHO के सवाल ने संकेत दिया है कि यह मामला सिर्फ भारत तक सीमित नहीं रह सकता। अगर यह खतरनाक सिरप विदेशों में भी भेजा गया, तो कई देशों को तुरंत सतर्क होना पड़ेगा। WHO ने भारत सरकार से सभी डेटा और प्रमाण मांगे हैं ताकि यह तय किया जा सके कि कहीं अन्य देशों में भी यह दवा इस्तेमाल तो नहीं हो रही।विशेषज्ञों का कहना है कि ग्लोबल अलर्ट जारी होने पर कई देशों में कोल्ड्रिफ सिरप का तुरंत प्रतिबंध और रिकॉल हो सकता है। इससे बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी और वैश्विक स्तर पर दवा सुरक्षा मानकों को सख्ती मिलेगी।
