दिल्ली के व्यस्त इलाकों में शुमार सदर बाजार से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने एक बार फिर राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहाँ छठी कक्षा में पढ़ने वाली करीब 11 साल की एक मासूम बच्ची के साथ जघन्य अपराध को अंजाम दिया गया है। यह सनसनीखेज वारदात 16 सितंबर की रात को उस वक्त घटी जब यह बच्ची अपने घर से कुछ जरूरी स्कूली सामान खरीदने के लिए निकली थी। रात के करीब 11 बज रहे थे और माता-पिता को क्या पता था कि उनकी लाडली कुछ ही पलों में एक खौफनाक हादसे का शिकार होने वाली है।
दर्जी की दुकान बनी हवस का अड्डा, बनाया बंधक
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जब बच्ची दुकान की तरफ जा रही थी, तो रास्ते में एक दर्जी की दुकान पड़ती है। आरोपी ने सुनियोजित तरीके से मासूम को बहला-फुसलाकर अपनी दुकान के अंदर बुलाया। दुकान के शटर गिराकर उसने ना केवल बच्ची को बंधक बनाया, बल्कि उसके साथ घिनौनी हरकत और रेप जैसी अमानवीय वारदात को अंजाम दिया। मासूम अपनी जान बचाने की गुहार लगाती रही, लेकिन उस वहशी दरिंदे को उस पर जरा भी तरस नहीं आया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, आरोपी मकसूद गिरफ्तार
वारदात के बाद पीड़ित बच्ची ने जैसे-तैसे घर पहुंचकर अपने परिजनों को आपबीती सुनाई, जिसके बाद तुरंत पुलिस को पीसीआर कॉल के जरिए सूचना दी गई। सदर बाजार थाना पुलिस और महिला पुलिस थाने की टीमें तुरंत हरकत में आईं और मौके पर पहुंचकर मुआयना किया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी की पहचान मकसूद के रूप में की और उसे धर दबोचा। आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) और अन्य गंभीर धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
सुरक्षा पर फिर उठे सवाल, जनता में भारी रोष
इस खौफनाक घटना के सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और अभिभावकों में भारी गुस्सा देखा जा रहा है। रात के समय राजधानी की सड़कों और बाजारों की सुरक्षा पर एक बार फिर बड़े सवालिया निशान लग गए हैं। आखिर कब तक हमारी बेटियां इस तरह की दरिंदगी का शिकार होती रहेंगी? इस मामले ने समाज के भीतर की सड़न और सुरक्षा तंत्र की पोल खोलकर रख दी है। फिलहाल, पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और अदालत में जल्द से जल्द चार्जशीट दाखिल कर आरोपी को कड़ी सजा दिलाने की तैयारी में जुटी है।
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