Kheda News: गुजरात के खेड़ा जिले के महुधा तालुका में 13 सप्ताह की गर्भवती महिला अरुणाबेन सोढ़ा की मौत के मामले ने सनसनी फैला दी है। पुलिस जांच के अनुसार, शुरुआत में घटना को आत्महत्या बताने की कोशिश की गई थी, लेकिन मृतका के मायके वालों ने इस पर संदेह जताया। बताया गया कि 17 अक्टूबर की रात अरुणाबेन की तबीयत खराब थी और वह पेट में तेज दर्द से परेशान थीं। आरोप है कि उन्होंने पति मितुल सोढ़ा से डॉक्टर के पास ले जाने की गुहार लगाई, लेकिन उनकी मदद नहीं की गई। जांच के दौरान पति के मोबाइल पर आत्महत्या और उससे जुड़ी कानूनी सजा के बारे में खोज किए जाने की बात भी सामने आई। इसके बाद पुलिस को मामले में साजिश की आशंका हुई और जांच का दायरा बढ़ाया गया।
नैनो यूरिया पिलाने और हत्या को आत्महत्या दिखाने का आरोप
पुलिस के मुताबिक, अरुणाबेन की हत्या में परिवार के अन्य सदस्यों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। आरोप है कि महिला के हाथ-पैर पकड़कर उसे जबरन नैनो यूरिया पिलाया गया। इसके बाद उसकी मौत हो गई और शव को रस्सी से लटकाकर घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई। पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लिया। रिपोर्ट के अनुसार, गर्दन पर मिले निशानों और शरीर में रासायनिक पदार्थ की मौजूदगी ने जांच की दिशा बदल दी। हालांकि, घटना से जुड़े सभी आरोपों और प्रत्येक आरोपी की भूमिका का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के दौरान होगा। पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि वारदात के पीछे क्या वजह थी और घटना में कौन-कौन शामिल था।
पति और जेठ गिरफ्तार, अन्य आरोपियों की तलाश जारी
मामले में कार्रवाई करते हुए महुधा थाना पुलिस ने मृतका के पति मितुल सोढ़ा और उसके जेठ विपुल सोढ़ा को गिरफ्तार किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, सास और ननद की भूमिका को लेकर भी जांच जारी है और उनकी तलाश की जा रही है। पुलिस अब सबूतों, मेडिकल रिपोर्ट और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ रही है। इस मामले ने गर्भवती महिला की सुरक्षा और घरेलू हिंसा जैसे गंभीर मुद्दों को फिर चर्चा में ला दिया है। फिलहाल पुलिस की जांच जारी है और मामले में आगे की कार्रवाई उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।
