उत्तर प्रदेश में श्रावण मास की कांवड़ यात्रा को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मेरठ और सहारनपुर मंडल के वरिष्ठ प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने साफ कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा, यातायात और व्यवस्थाओं में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि यात्रा शुरू होने से पहले सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं और श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि यह यात्रा करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़ी है, इसलिए हर विभाग को पूरी जिम्मेदारी और सतर्कता के साथ काम करना होगा।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर दिए विशेष निर्देश
मुख्यमंत्री ने यात्रा मार्गों पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम करने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया जाए। प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था हो और ड्रोन के जरिए लगातार निगरानी रखी जाए। साथ ही सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों और भ्रामक खबरों पर भी विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर कोई व्यक्ति माहौल खराब करने की कोशिश करता है या गलत जानकारी फैलाता है तो उसके खिलाफ तुरंत कड़ी कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि किसी भी स्थिति में कानून-व्यवस्था प्रभावित नहीं होनी चाहिए और सभी एजेंसियां आपसी तालमेल के साथ काम करें।
कांवड़ संघों और पड़ोसी राज्यों से रहेगा समन्वय
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि कांवड़ यात्रा केवल उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं है, बल्कि कई राज्यों से श्रद्धालु इसमें शामिल होते हैं। इसलिए दिल्ली, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब और राजस्थान के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखा जाए। उन्होंने कांवड़ संघों, डीजे संचालकों और कांवड़ निर्माताओं से नियमित संवाद रखने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि डीजे की आवाज निर्धारित सीमा से अधिक नहीं होनी चाहिए और कांवड़ की ऊंचाई भी तय मानकों के अनुरूप रहे, ताकि यातायात व्यवस्था प्रभावित न हो। उनका मानना है कि संवाद और समन्वय के जरिए किसी भी संभावित समस्या को पहले ही रोका जा सकता है और यात्रा को शांतिपूर्ण बनाया जा सकता है।
सड़क, बिजली,पानी और स्वच्छता पर रहेगा खास फोकस
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग को यात्रा मार्गों की मरम्मत और सफाई का काम समय से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी प्रमुख मार्ग गड्ढामुक्त हों और रास्तों के किनारे उगी झाड़ियों को हटाया जाए। कांवड़ शिविरों में पेयजल, शौचालय, बिजली, स्ट्रीट लाइट, साफ-सफाई और सात्विक भोजन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। इसके अलावा यात्रा मार्ग पर मांस और शराब की दुकानों की निगरानी करने और निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करने को भी कहा गया। बिजली विभाग को ट्रांसफार्मर और बिजली लाइनों की नियमित जांच के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना न हो। मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बनाकर स्थानीय समस्याओं का तत्काल समाधान करने और श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए विशेष इंतजाम करने पर भी जोर दिया। सरकार का लक्ष्य है कि इस बार की कांवड़ यात्रा सुरक्षित, सुव्यवस्थित और श्रद्धालुओं के लिए सुविधाजनक बने।
