दिल्ली में रोजाना हजारों लोग अपने दफ्तर, कॉलेज या अन्य जरूरी कामों के लिए कैब और बाइक टैक्सी जैसी राइड शेयरिंग सर्विस का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन हाल ही में सामने आई एक घटना ने इन डिजिटल ट्रांसपोर्ट सर्विस की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। दिल्ली की रहने वाली आयशा श्रीवास्तव ने अपने एक दिन की आम सुबह को तब एक भयानक सपने में बदलते देखा, जब उन्होंने ऑफिस जाने के लिए एक Rapido बाइक बुक की। शुरुआत में सब कुछ पूरी तरह सामान्य था, लेकिन कुछ ही मिनटों बाद ड्राइवर ने तयशुदा रूट से अलग एक ऐसे रास्ते पर गाड़ी मोड़ दी, जिससे आयशा बिल्कुल अनजान थीं। महिला के मुताबिक, रास्ता धीरे-धीरे काफी ज्यादा सुनसान होता जा रहा था और ड्राइवर के हाव-भाव भी संदेहास्पद लगने लगे थे।
‘एक्स्ट्रा पैसे ले लो पर रोक दो…’: ड्राइवर की जिद के आगे मजबूर हुई यात्री
जब आयशा ने ड्राइवर से रास्ता बदलने या तुरंत स्कूटर रोकने को कहा, तो उसने उनकी बात को पूरी तरह अनसुना कर दिया। ड्राइवर का दावा था कि वह यूनिवर्सिटी जाने वाले किसी शॉर्टकट या सीधे रास्ते से चल रहा है, लेकिन अंदरूनी डर की वजह से आयशा का उस पर भरोसा करना मुश्किल हो गया था। हालात इतने बिगड़ गए कि महिला ने यहां तक कह दिया कि अगर उसे अतिरिक्त पैसों की जरूरत है, तो वह देने को तैयार है, बस उसे किसी सुरक्षित जगह पर उतार दिया जाए। इसके बावजूद जब ड्राइवर ने बाइक रोकने से साफ इनकार कर दिया और गाड़ी की रफ्तार और ज्यादा तेज कर दी, तो आयशा के सामने अपनी जान बचाने के लिए चलती हुई गाड़ी से छलांग लगाने के अलावा और कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था।
चोटिल होकर अस्पताल पहुंचीं पीड़िता: सोशल मीडिया पर बयां किया दर्द और वायरल हुआ वीडियो
चलती बाइक से कूदने की वजह से आयशा सड़क पर जोर से गिरीं, जिसके चलते उनके शरीर पर कई गंभीर चोटें आईं। घटना के तुरंत बाद उन्हें अपना इलाज कराने के लिए अस्पताल का रुख करना पड़ा। दूसरी तरफ, वह आरोपी ड्राइवर बिना रुके मौके से फरार हो गया था। इस दिल दहला देने वाली घटना के बाद जब आयशा ने रैपिडो के कस्टमर केयर से मदद की गुहार लगाई, तो उन्हें शुरुआती स्तर पर कोई संतोषजनक प्रतिक्रिया या मदद नहीं मिल सकी। कंपनी के इस ढुलमुल रवैये से आहत होकर उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर करीब डेढ़ मिनट का एक वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में उन्होंने अपनी आपबीती सुनाई और सीधे तौर पर सवाल उठाया कि यदि राइड के दौरान महिलाओं के साथ ऐसी घटनाएं होती हैं, तो उनकी सुरक्षा की असल जिम्मेदारी कौन लेगा।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सबक: 48 घंटे के भीतर हिरासत में आया आरोपी ड्राइवर
यह वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गया और देखते ही देखते हजारों लोगों तक पहुंच गया। आयशा द्वारा अपनी पोस्ट में दिल्ली पुलिस को टैग किए जाने के बाद विभाग ने इस मामले पर तुरंत संज्ञान लिया। पुलिस ने तेजी से तकनीकी जांच और कार्रवाई करते हुए महज 48 घंटों के भीतर उस आरोपी ड्राइवर को धर दबोचा। सामने आए एक वीडियो में वही कथित ड्राइवर पीड़ित महिला के सामने हाथ जोड़कर माफी मांगता हुआ भी नजर आया। इस मामले के बाद आयशा ने एक और पोस्ट शेयर कर बताया कि उनका मामला अब सुलझ चुका है और उन्होंने दिल्ली पुलिस की तत्परता के साथ-साथ जनता से मिले भारी समर्थन के लिए आभार जताया। साथ ही, उन्होंने सभी महिलाओं को सलाह दी कि सफर के दौरान हमेशा अपनी लाइव लोकेशन परिजनों के साथ शेयर करें और थोड़ी सी भी आशंका होने पर सतर्कता बरतें।
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