ग्रेटर नोएडा के दादरी क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार से जा रहे एक ओवरलोड डंपर ट्रक से अचानक बड़ी मात्रा में पत्थर सड़क पर गिरने लगे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रक की पिछली बॉडी ऊपर उठी हुई थी, जिससे लाल पत्थर लगातार सड़क पर फैलते जा रहे थे। कुछ ही मिनटों में एक्सप्रेस-वे पर यातायात प्रभावित हो गया और कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। इस पूरी घटना का वीडियो वहां मौजूद लोगों ने अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
RTO टीम को देखकर घबराया चालक
स्थानीय लोगों का दावा है कि ट्रक चालक ने परिवहन विभाग की जांच टीम को देखकर घबराहट में यह कदम उठाया। बताया जा रहा है कि ओवरलोडिंग पकड़े जाने के डर से चालक ने रास्ते में ही डंपर का माल गिराना शुरू कर दिया। हालांकि, इस दावे की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस और संबंधित विभाग पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, ट्रक चालक घटना के बाद वाहन लेकर मौके से फरार हो गया। अब पुलिस सीसीटीवी फुटेज और टोल प्लाजा के रिकॉर्ड के आधार पर ट्रक और उसके चालक की पहचान करने में जुटी है।
जाम खुलवाने के लिए पुलिस ने खुद उठाया फावड़ा
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और यातायात सामान्य कराने का काम शुरू किया। हैरानी की बात यह रही कि सड़क पर फैले पत्थरों को हटाने के लिए पुलिसकर्मियों ने किसी भारी मशीनरी का इंतजार नहीं किया। उन्होंने खुद फावड़े उठाकर सड़क साफ करने की जिम्मेदारी संभाली। करीब दो घंटे की कड़ी मेहनत के बाद एक्सप्रेस-वे को पूरी तरह साफ कराया गया और वाहनों की आवाजाही सामान्य हो सकी। पुलिसकर्मियों के इस प्रयास की सोशल मीडिया पर काफी सराहना की जा रही है। कई लोगों ने कहा कि समय रहते कार्रवाई नहीं होती, तो बड़ा हादसा भी हो सकता था।
सोशल मीडिया पर उठे कई सवाल, जांच शुरू
वीडियो वायरल होने के बाद लोगों ने ओवरलोड वाहनों की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। सोशल मीडिया यूजर्स पूछ रहे हैं कि आखिर ऐसे डंपर बिना रोक-टोक सड़कों पर कैसे दौड़ रहे हैं। कई लोगों ने परिवहन विभाग और स्थानीय प्रशासन से ओवरलोडिंग के खिलाफ सख्त अभियान चलाने की मांग की है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर ट्रक चालक की तलाश की जा रही है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, यह मामला सड़क सुरक्षा और ओवरलोड वाहनों की निगरानी को लेकर एक बार फिर गंभीर बहस का विषय बन गया है।
