राजधानी दिल्ली के लोधी कॉलोनी स्थित पालिका कुंज में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। शनिवार को स्थानीय लोगों ने तीसरी मंजिल के नीचे एक महिला को गंभीर हालत में पड़ा देखा, जिसके बाद तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी गई। महिला को अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका की पहचान 28 वर्षीय आकृति के रूप में हुई है, जो दक्षिण दिल्ली के पुष्प विहार की रहने वाली थीं। घटना के बाद पूरे इलाके में चर्चा शुरू हो गई और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। शुरुआती जांच में पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और जरूरी सबूत जुटाए हैं। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह हादसा था, आत्महत्या थी या फिर इसके पीछे कोई और वजह थी।
शादी को तीन महीने भी पूरे नहीं हुए थे
नवविवाहिता आकृति की शादी इसी साल 24 अप्रैल को हुई थी। वह एक निजी कंपनी में सेल्स एग्जीक्यूटिव के रूप में काम करती थीं और शादी के बाद अपने ससुराल में रह रही थीं। शादी के कुछ ही समय बाद उनकी मौत होने से मामला और संवेदनशील हो गया है। पुलिस ने कानून के तहत मजिस्ट्रेट जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है और एसडीएम को भी इसकी जानकारी दे दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और दोनों परिवारों के बयान के आधार पर आगे की जांच की जाएगी। फिलहाल पुलिस किसी भी संभावना को नज़रअंदाज़ नहीं कर रही है और हर पहलू की गहराई से जांच की जा रही है।
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप, पुलिस जुटी जांच में
मृतका के परिवार ने इस घटना को सामान्य मौत मानने से इनकार किया है। उनका आरोप है कि शादी के बाद से ही आकृति को दहेज के लिए परेशान किया जा रहा था। परिवार का कहना है कि उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। आकृति के भाई ने आरोप लगाया कि उसकी बहन की हत्या की गई है और मामले को दूसरी दिशा देने की कोशिश की जा रही है। परिजनों का कहना है कि आकृति जिम्मेदार और मजबूत स्वभाव की थी, इसलिए वह खुद अपनी जान नहीं ले सकती थी। हालांकि, ये सभी आरोप मृतका के परिजनों के हैं। पुलिस ने अभी तक किसी भी आरोप की पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है।
जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में जल्दबाजी में किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। जांच टीम पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच, कॉल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पूरे घटनाक्रम को समझने की कोशिश कर रही है। साथ ही मृतका के पति, ससुराल पक्ष और परिवार के अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। यदि जांच में किसी तरह की लापरवाही, प्रताड़ना या आपराधिक साजिश के प्रमाण मिलते हैं तो कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मौत की असली वजह स्पष्ट हो सकेगी।
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