बिहार के सिवान में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान सामने आए एक वायरल वीडियो ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया है। वीडियो में स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) के सदस्य अभिषेक पटेल प्रदर्शनकारियों की दिशा में AK-47 राइफल से फायरिंग करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैलने के बाद पुलिस प्रशासन ने मामले की जांच की और शुरुआती स्तर पर कार्रवाई करते हुए अभिषेक पटेल को निलंबित कर दिया। प्रशासन का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान बल प्रयोग को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
वीडियो में कई राउंड फायरिंग का दावा
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि पुलिसकर्मी पहले प्रदर्शनकारियों की दिशा में AK-47 राइफल से एक राउंड फायर करता है। इसके बाद मौके पर मौजूद लोग पीछे हटने लगते हैं। कुछ ही सेकंड बाद वह लगातार कई और राउंड फायर करता दिखाई देता है। दावा किया जा रहा है कि वीडियो में करीब छह राउंड फायरिंग होती नजर आ रही है और पुलिसकर्मी प्रदर्शनकारियों की ओर बढ़ता भी दिखाई देता है। हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि फायरिंग में किसी प्रदर्शनकारी को गोली लगी या नहीं। पुलिस अधिकारियों ने फिलहाल इस पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू कर दी है और वीडियो की सत्यता के साथ-साथ घटना की परिस्थितियों की भी पड़ताल की जा रही है।
बिहार बंद के दौरान कई जिलों में हुआ था प्रदर्शन
यह पूरा मामला उस समय का है जब नीट पेपर लीक और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में बिहार बंद का आह्वान किया गया था। वामपंथी छात्र संगठनों के समर्थन से राज्य के कई जिलों में प्रदर्शन हुए। पुलिस के अनुसार पटना, सारण, सिवान, औरंगाबाद और भागलपुर में प्रदर्शन के दौरान कुछ स्थानों पर हिंसा की घटनाएं सामने आईं, जबकि समस्तीपुर, नवादा और नालंदा जैसे जिलों में आंदोलन मुख्य रूप से शांतिपूर्ण रहा। संभावित तनाव को देखते हुए राज्यभर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था। इसी दौरान सिवान में हुई कथित फायरिंग का वीडियो सामने आने के बाद मामला और अधिक चर्चा में आ गया।
Siwan, Bihar: SIT team member Abhishek Patel, who fired shots from an AK-47 in Siwan, has been suspended
(Visuals from the spot, July 25) pic.twitter.com/1pTl9RyLLe
— IANS (@ians_india) July 27, 2026
विपक्ष ने उठाए सवाल, जांच पर टिकी निगाहें
घटना के बाद बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो साझा करते हुए आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर AK-47 से फायरिंग की गई। साथ ही उन्होंने राज्य सरकार और मुख्यमंत्री की आलोचना करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। दूसरी ओर पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और प्रारंभिक कार्रवाई के तहत संबंधित पुलिसकर्मी को निलंबित कर दिया गया है। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी है, जिससे यह स्पष्ट होगा कि फायरिंग किन परिस्थितियों में हुई, क्या निर्धारित नियमों का पालन किया गया था और आगे संबंधित अधिकारियों पर क्या कार्रवाई होगी।
