उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में उस वक्त हालात बेकाबू हो गए, जब एक मस्जिद में नई परंपरा शुरू करने को लेकर मुस्लिम समुदाय के दो गुट आमने-सामने आ गए। अमरोहा देहात थाना क्षेत्र के तेलीपुरा माफी गांव में देवबंदी और बरेलवी विचारधाराओं से जुड़े लोगों के बीच हुआ यह विवाद देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, फज्र की नमाज के बाद मस्जिद में कुछ नया धार्मिक तरीका अपनाने की कोशिश की गई, जिसका एक पक्ष ने कड़ा विरोध किया। विरोध इतना तीखा हो गया कि बात बहस से निकलकर हाथापाई, पथराव और हथियारों तक जा पहुंची। गांव की गलियों में अचानक अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए घरों में दुबक गए।
15 साल पुराना समझौता कैसे टूटा?
स्थानीय लोगों के अनुसार, यह कोई नया विवाद नहीं है। तेलीपुरा माफी गांव की इसी मस्जिद को लेकर करीब 15 साल पहले भी देवबंदी और बरेलवी पक्षों के बीच गंभीर टकराव हुआ था। उस समय गांव के बुजुर्गों और धार्मिक नेताओं की पहल पर दोनों पक्षों के बीच यह सहमति बनी थी कि मस्जिद में कोई भी नई परंपरा या बदलाव बिना आपसी सहमति के नहीं किया जाएगा। इसी समझौते के कारण वर्षों तक शांति बनी रही। लेकिन सोमवार सुबह जैसे ही नई परंपरा शुरू करने की बात सामने आई, पुरानी रंजिश फिर से जिंदा हो गई। आरोप है कि जब देवबंदी पक्ष से जुड़े जुबेर अहमद ने इसका विरोध किया, तो दूसरे गुट के लोगों ने इसे अपनी धार्मिक भावनाओं से जोड़ते हुए उग्र रुख अपना लिया।
हिंसा, पथराव और वायरल वीडियो
विवाद बढ़ने के साथ ही हालात पूरी तरह हिंसक हो गए। आरोप है कि विरोध करने पर जुबेर अहमद पर लाठी-डंडों, धारदार हथियारों और यहां तक कि तमंचों से हमला किया गया। शोर सुनकर जब उनके परिवार के अन्य सदस्य मौके पर पहुंचे, तो उनके साथ भी बेरहमी से मारपीट की गई। इसके बाद दोनों ओर से जमकर पथराव हुआ, जिससे कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें गांव की गलियों में भगदड़, पत्थरबाजी और चीख-पुकार साफ देखी जा सकती है। हिंसा के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल बन गया और लोग अपने घरों में कैद होकर रह गए।
पुलिस कार्रवाई और मौजूदा हालात
सूचना मिलते ही अमरोहा देहात थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को किसी तरह काबू में किया। घायलों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है। सीओ अवधभान भदोरिया ने बताया कि मामले में चार सगे भाइयों समेत कुल दस लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने उजैर, परवेज, इमरान, नदीम, अलाउद्दीन और साजिद सहित 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर शांति भंग में चालान किया है, जबकि अन्य की तलाश जारी है। फिलहाल गांव में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए भारी पुलिस बल तैनात कर लगातार निगरानी की जा रही है।
