मध्य प्रदेश के गुना जिले से सामने आया यह मामला न सिर्फ स्थानीय स्तर पर बल्कि पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया है। बजरंगगढ़ क्षेत्र में स्थित प्रसिद्ध बीस भुजा देवी मंदिर परिसर से जुड़ा एक वीडियो अचानक सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसने लोगों को चौंका दिया। वीडियो में मंदिर परिसर की बेंच पर एक युवक और युवती को आपत्तिजनक हालत में देखा गया। मंदिर जैसे पवित्र और धार्मिक स्थल पर इस तरह की हरकत को लेकर लोगों की भावनाएं आहत हुईं और देखते ही देखते यह मामला गंभीर विवाद में बदल गया। श्रद्धालुओं का कहना है कि मंदिर आस्था और शांति का स्थान होता है, ऐसे में इस तरह की घटनाएं न केवल धार्मिक मर्यादा को ठेस पहुंचाती हैं बल्कि समाज में गलत संदेश भी देती हैं।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, लोगों में गुस्सा
वीडियो वायरल होते ही फेसबुक, व्हाट्सऐप और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तीखी प्रतिक्रियाएं आने लगीं। कुछ ही घंटों में यह वीडियो सैकड़ों ग्रुप और पेज पर शेयर हो गया। स्थानीय लोगों और हिंदू संगठनों ने इसे मंदिर की पवित्रता का अपमान बताया और प्रशासन से तुरंत कार्रवाई की मांग की। कई लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर मंदिर परिसर में इस तरह की गतिविधि कैसे संभव हुई और सुरक्षा व्यवस्था कहां थी। सोशल मीडिया पर लगातार पोस्ट और टिप्पणियों के जरिए प्रशासन पर दबाव बढ़ने लगा। लोगों का कहना था कि यदि समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में ऐसी घटनाएं दोहराई जा सकती हैं।
पुलिस ने की कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए बजरंगगढ़ थाना पुलिस तुरंत हरकत में आई। पुलिस ने सबसे पहले मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में सामने आया कि युवक और युवती टैक्सी से मंदिर पहुंचे थे और कुछ समय वहां रुकने के बाद उसी टैक्सी से वापस चले गए। टैक्सी नंबर के आधार पर पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाया और कुछ ही घंटों में दोनों की पहचान कर ली। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, वायरल वीडियो के आधार पर सबूत जुटाए गए और आरोपियों की लोकेशन ट्रेस की गई। इस पूरे घटनाक्रम में पुलिस ने तेजी दिखाते हुए किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरती, ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे और लोगों का भरोसा कायम रह सके।
रात 3 बजे गिरफ्तारी, कानूनन कार्रवाई जारी
गुना पुलिस ने देर रात करीब 3 बजे युवक और युवती को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में सामने आया कि दोनों पति-पत्नी हैं और दर्शन के उद्देश्य से मंदिर आए थे। हालांकि पुलिस ने साफ कहा कि चाहे कोई भी हो, पवित्र धार्मिक स्थल पर अश्लील कृत्य किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। आरोपियों के खिलाफ सार्वजनिक स्थान पर अश्लीलता फैलाने और आईटी एक्ट से जुड़ी धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि वीडियो किसने बनाया और किसने वायरल किया। मंदिर प्रशासन और स्थानीय लोगों ने मांग की है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था और सख्त की जाए। प्रशासन ने भी आश्वासन दिया है कि मंदिर परिसर में निगरानी बढ़ाई जाएगी और ऐसे संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए जाएंगे।
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