मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच एक बार फिर बड़ा समुद्री हादसा सामने आया है। होर्मुज स्ट्रेट में एक जहाज पर हमला होने की खबर है, जिसमें 24 भारतीय नाविक फंसे हुए बताए जा रहे हैं। इस घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसे फॉरवर्ड सीमेंस यूनियन ऑफ इंडिया ने अपने X हैंडल पर साझा किया है। वीडियो में जहाज से काला धुआं उठता दिखाई दे रहा है, जिससे स्थिति गंभीर लग रही है। बताया जा रहा है कि यह जहाज ओमान तट के पास मौजूद था, तभी उस पर हमला हुआ। इस घटना के बाद से समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है।
नाविकों ने मांगी मदद, भारतीय नौसेना से लगाई गुहार
वीडियो और सामने आई जानकारी के मुताबिक, जहाज पर मौजूद 24 भारतीय नाविकों ने तुरंत भारतीय नौसेना से मदद की अपील की है। यूनियन के अनुसार, नाविक सुरक्षित बाहर निकलने या मदद मिलने का इंतजार कर रहे हैं। इस घटना के बाद संबंधित एजेंसियों ने स्थिति पर नजर बनाए रखी है। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हमला किसने किया और इसमें कितना नुकसान हुआ है। इस घटना ने समुद्री व्यापार और सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि यह इलाका दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक माना जाता है।
Indian Navy in Harmouz 24 Indian Seafarers seeking urgent assistance at 2057.07N 059 degree 0813 off coast Oman onboard @IndiannavyMedia @MEAIndia @DrSJaishankar @shipmin_india @ITFglobalunion pic.twitter.com/PljHOhTGVv
— FSUI (@FSUIINDIA) June 8, 2026
होर्मुज स्ट्रेट का महत्व और बढ़ता तनाव
होर्मुज स्ट्रेट दुनिया का एक बेहद अहम समुद्री रास्ता है, जहां से वैश्विक तेल व्यापार का बड़ा हिस्सा गुजरता है। यहां से करीब 20 प्रतिशत तेल सप्लाई होती है, जिससे इसकी रणनीतिक अहमियत और बढ़ जाती है। हाल के दिनों में ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव के कारण मिडिल ईस्ट पहले से ही संवेदनशील स्थिति में है। इसी बीच इस तरह की घटनाएं अंतरराष्ट्रीय चिंता को और बढ़ा रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर इस क्षेत्र में तनाव बढ़ता है, तो इसका असर वैश्विक तेल बाजार पर भी पड़ सकता है।
ईरान की चेतावनी और भारत की एडवाइजरी से बढ़ी चिंता
इस घटनाक्रम के बीच ईरान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा है कि होर्मुज स्ट्रेट को बंद नहीं किया जाएगा, लेकिन यहां नई शर्तें लागू की जा सकती हैं, जिनमें ट्रांजिट शुल्क भी शामिल हो सकता है। दूसरी ओर, क्षेत्र में बढ़ते खतरे को देखते हुए भारत सरकार ने भी अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। ईरान में मौजूद भारतीयों को देश छोड़ने और गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी गई है। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि मिडिल ईस्ट की स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है और किसी भी छोटी घटना का बड़ा असर हो सकता है।
Read more-क्या विवाह से पहले शारीरिक संबंध बनाना हैं गलत? सुप्रीम कोर्ट ने बताया कानून का नजरिया
