उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में शुक्रवार को उस समय सनसनी फैल गई जब थाना उत्तर क्षेत्र की एक सड़क पर दो बालिग युवतियां अपने परिवार के सामने ही एक-दूसरे का हाथ थामकर साथ रहने की जिद पर अड़ गईं। दोनों की उम्र 18 वर्ष बताई जा रही है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, परिजन उन्हें घर ले जाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन युवतियों ने साफ शब्दों में कहा कि वे बालिग हैं और अपनी मर्जी से जीवनसाथी चुनने का अधिकार रखती हैं। सड़क पर हुई इस बहस ने देखते ही देखते हाईवोल्टेज ड्रामे का रूप ले लिया। राह चलते लोग रुक गए और कुछ ही मिनटों में वहां भीड़ जमा हो गई। मौके पर मौजूद लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं और माहौल तनावपूर्ण बन गया।
तीन महीने पहले भी घर छोड़ चुकी थीं दोनों
जानकारी के अनुसार, दोनों युवतियों के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा है। करीब तीन महीने पहले भी वे घर से निकलकर हरियाणा चली गई थीं। उस समय परिजनों ने गुमशुदगी की सूचना दी थी, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें बरामद कर परिवार को सौंप दिया था। परिवार ने इस रिश्ते को खत्म करने के लिए दोनों को अलग-अलग जगह दूर की रिश्तेदारी में भेज दिया, ताकि संपर्क टूट जाए। लेकिन बताया जा रहा है कि दूरी भी उनके फैसले को बदल नहीं सकी। हाल ही में जब दोनों वापस अपने-अपने घर लौटीं तो उन्होंने फिर से साथ भागने की योजना बनाई। परिजनों को इसकी भनक लगते ही उन्होंने पीछा कर बीच रास्ते में रोक लिया। यहीं से विवाद की शुरुआत हुई और मामला सरेआम बहस में बदल गया।
‘हम बालिग हैं, हमें अपना फैसला करने का हक है’
मौके पर मौजूद लोगों का कहना है कि युवतियों ने परिवार के दबाव के बावजूद झुकने से इनकार कर दिया। उन्होंने दो टूक कहा कि वे अपनी इच्छा से साथ रहना चाहती हैं और कानून उन्हें यह अधिकार देता है। दूसरी ओर परिजन सामाजिक प्रतिष्ठा और रिश्तेदारी में बदनामी का हवाला देकर उन्हें घर ले जाने की कोशिश करते रहे। सड़क पर हो रहे इस विवाद ने भावनात्मक रूप ले लिया। कुछ लोग युवतियों के समर्थन में बोलते दिखे तो कुछ ने परिवार का पक्ष लिया। इसी बीच सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराया। पुलिस दोनों को थाने ले गई ताकि स्थिति और न बिगड़े।
थाने तक पहुंचा मामला, लेकिन शिकायत से इनकार
मामला थाना उत्तर पहुंचा, जहां दोनों पक्षों से अलग-अलग बातचीत की गई। हालांकि, सामाजिक बदनामी के डर से परिजनों ने किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई से साफ इनकार कर दिया। पुलिस ने भी समझाइश देकर मामला शांत कराने की कोशिश की। चूंकि दोनों युवतियां बालिग हैं, इसलिए कानूनन वे अपने फैसले लेने के लिए स्वतंत्र मानी जाती हैं। फिलहाल किसी पक्ष की ओर से लिखित शिकायत न देने के कारण मामला आगे नहीं बढ़ाया गया है। लेकिन पूरे क्षेत्र में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। लोग इसे बदलते सामाजिक माहौल, व्यक्तिगत स्वतंत्रता और पारिवारिक मान्यताओं के टकराव के रूप में देख रहे हैं। आने वाले दिनों में यह मामला किस दिशा में जाएगा, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।
