हरियाणा के सिरसा जिले के छोटे से गांव मुहम्मदपुरिया में इन दिनों एक ही नाम हर किसी की जुबान पर है—पृथ्वी सिंह. वजह है उनकी वह किस्मत, जिसने दिहाड़ी मजदूर और ड्राइवरी कर जीवन गुजारने वाले इस व्यक्ति को रातों-रात करोड़पति बना दिया. पृथ्वी सिंह ने पंजाब स्टेट डियर लोहड़ी मकर संक्रांति बंपर लॉटरी 2026 में पूरे ₹10 करोड़ का जैकपॉट जीत लिया है. यह वही गांव है, जहां रोजमर्रा की जिंदगी संघर्ष और सीमित आमदनी के बीच चलती है. ऐसे में एक साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाले व्यक्ति का इतनी बड़ी रकम जीतना पूरे इलाके के लिए चौंकाने वाली खबर बन गया. गांव में लोग इसे किस्मत का करिश्मा बता रहे हैं और पृथ्वी सिंह के घर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है.
17 जनवरी को आया रिजल्ट, खुल गई किस्मत
पंजाब स्टेट लॉटरीज की यह डियर लोहड़ी मकर संक्रांति बंपर लॉटरी हर साल चर्चा में रहती है, लेकिन 2026 का ड्रॉ खास बन गया. 17 जनवरी 2026 को जब इसका रिजल्ट घोषित हुआ, तो पृथ्वी सिंह के नाम के आगे ₹10 करोड़ का इनाम लिखा था. यह पुरस्कार पंजाब स्टेट लॉटरीज के इतिहास के बड़े बंपर प्राइज में से एक माना जा रहा है. पृथ्वी सिंह ने यह लॉटरी टिकट सिर्फ ₹500 में खरीदी थी. उन्होंने यह टिकट डबवाली के पास किलियांवाली इलाके से टिकट विक्रेता मदन सिंह से ली थी. शुरुआत में उन्हें खुद यकीन नहीं हुआ कि यह नंबर उनका ही है. कई बार टिकट को मिलाया गया, आसपास के लोगों से पूछा गया और फिर धीरे-धीरे जब सच्चाई सामने आई, तो खुशी के साथ भावुकता भी साफ नजर आई.
तीसरी कोशिश में मिला भाग्य का साथ
पृथ्वी सिंह के लिए यह पहली बार नहीं था जब उन्होंने लॉटरी का टिकट खरीदा हो. इससे पहले भी उन्होंने दो बार लॉटरी टिकट ली थी, लेकिन तब किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया. इसके बावजूद उन्होंने उम्मीद नहीं छोड़ी. तीसरी बार उन्होंने ₹500 की टिकट खरीदी, बिना किसी बड़ी अपेक्षा के. शायद यही सादगी और भरोसा उनकी किस्मत का दरवाजा खोल गया. पृथ्वी सिंह बताते हैं कि उन्होंने कभी यह नहीं सोचा था कि उनकी जिंदगी में इतना बड़ा बदलाव आएगा. जो व्यक्ति रोज सुबह काम की तलाश में निकलता था, वह अब करोड़ों का मालिक बन चुका है. गांव के लोग इसे मेहनत के साथ धैर्य और किस्मत का अनोखा मेल मान रहे हैं. उनके अनुसार, पृथ्वी सिंह हमेशा शांत स्वभाव के रहे हैं और मेहनत से पीछे नहीं हटे.
10 करोड़ से बच्चों का भविष्य संवारने की योजना
अपनी जीत पर प्रतिक्रिया देते हुए पृथ्वी सिंह ने कहा कि यह रकम उनके लिए सिर्फ पैसा नहीं, बल्कि एक नई जिंदगी की शुरुआत है. उन्होंने बताया कि वह इस पैसे का इस्तेमाल सबसे पहले अपने बच्चों की पढ़ाई और भविष्य को सुरक्षित करने में करेंगे. इसके अलावा वह परिवार के लिए एक पक्का घर बनवाना और जीवन को स्थिर करना चाहते हैं. पृथ्वी सिंह के अनुसार, उन्होंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि ₹500 की एक टिकट उनकी किस्मत को इस तरह बदल देगी. परिवार के सदस्यों का कहना है कि यह जीत पूरे परिवार के लिए राहत और उम्मीद लेकर आई है. गांव में लोग इस कहानी को प्रेरणा के रूप में देख रहे हैं, जहां एक साधारण दिहाड़ी मजदूर की किस्मत ने उसे करोड़पति बना दिया. फिलहाल पृथ्वी सिंह और उनका परिवार इस नई शुरुआत को समझने और संभालने में जुटा है, जबकि पूरा इलाका उनकी इस अनोखी किस्मत की चर्चा कर रहा है.
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