यूपी में आज से एक बार फिर मुफ्त राशन वितरण कार्यक्रम की शुरुआत हो गई है, जिससे प्रदेश के करोड़ों गरीब और जरूरतमंद परिवारों को बड़ी राहत मिलने जा रही है। गुरुवार सुबह से सभी जिलों की कोटेदार दुकानों पर राशन वितरण शुरू किया जा रहा है। सरकार की इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को बिना किसी शुल्क के गेहूं और चावल उपलब्ध कराया जाएगा। खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस बार वितरण व्यवस्था को और ज्यादा व्यवस्थित बनाया गया है, ताकि किसी भी लाभार्थी को लाइन में खड़े होकर परेशानी न उठानी पड़े। राशन दुकानों पर समय तय कर दिया गया है और सभी कोटेदारों को निर्देश दिए गए हैं कि निर्धारित मात्रा में ही राशन वितरित किया जाए। सरकार का कहना है कि इस योजना का उद्देश्य महंगाई के दौर में गरीब परिवारों के भोजन की चिंता को कम करना है।
23 जिलों में अलग व्यवस्था, ज्वार-बाजरा भी मिलेगा मुफ्त
इस बार राशन वितरण में सबसे खास बात 23 जिलों के लिए की गई अलग व्यवस्था है। इन जिलों में अलीगढ़, एटा, कासगंज, हाथरस, आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा, मैनपुरी, इटावा, औरैया, कन्नौज, कानपुर देहात, कानपुर नगर, फर्रुखाबाद, बदायूं, बरेली, शाहजहांपुर, अमरोहा, संभल, उन्नाव और बुलंदशहर शामिल हैं। इन जिलों के अंत्योदय कार्डधारकों को सिर्फ गेहूं और चावल ही नहीं, बल्कि ज्वार और बाजरा भी मुफ्त दिया जाएगा। प्रत्येक अंत्योदय कार्डधारक को 14 किलोग्राम गेहूं, 11 किलोग्राम चावल और 10 किलोग्राम ज्वार-बाजरा मिलेगा। सरकार का मानना है कि मोटे अनाज से पोषण बेहतर होता है और यह योजना लोगों को सेहतमंद भोजन की ओर भी प्रोत्साहित करेगी। इन जिलों में यह प्रयोगात्मक व्यवस्था लागू की गई है, जिसे आगे अन्य जिलों में भी बढ़ाया जा सकता है।
बाकी जिलों में क्या मिलेगा और किसे होगा फायदा
प्रदेश के शेष जिलों में राशन वितरण की व्यवस्था पहले की तरह ही रखी गई है। यहां प्रत्येक पात्र कार्डधारक को प्रति कार्ड 14 किलोग्राम गेहूं और 21 किलोग्राम चावल मुफ्त दिया जाएगा। यह राशन राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत आने वाले अंत्योदय और पात्र गृहस्थी कार्डधारकों को मिलेगा। अधिकारियों का कहना है कि वितरण के दौरान ई-पॉस मशीन के जरिए अंगूठे का सत्यापन अनिवार्य रहेगा, ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो। जिन लाभार्थियों का आधार सत्यापन पूरा नहीं है, उन्हें जल्द से जल्द इसे पूरा कराने की सलाह दी गई है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि राशन वितरण में किसी प्रकार की अनियमितता या शिकायत मिलने पर संबंधित कोटेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
लाभार्थियों के लिए जरूरी जानकारी
मुफ्त राशन वितरण के लिए सरकार ने समय भी स्पष्ट रूप से निर्धारित कर दिया है। कार्डधारक सुबह आठ बजे से दोपहर 12 बजे तक और फिर दोपहर दो बजे से शाम छह बजे तक कोटे की दुकान से राशन प्राप्त कर सकते हैं। दोपहर 12 से दो बजे तक का समय विश्राम के लिए रखा गया है। लाभार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अपना राशन कार्ड और आधार कार्ड साथ लेकर जाएं, ताकि वितरण में कोई दिक्कत न हो। प्रशासन का कहना है कि भीड़ से बचने और व्यवस्था बनाए रखने के लिए अलग-अलग समय स्लॉट का पालन जरूरी है। इस योजना के जरिए सरकार न सिर्फ खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करना चाहती है, बल्कि पोषण स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में भी कदम बढ़ा रही है। आने वाले दिनों में यह साफ हो जाएगा कि ज्वार-बाजरा वितरण की यह पहल प्रदेश में कितनी सफल साबित होती है।
Read more-VIDEO: कार बढ़ाते ही एजेंट ने चला दी 3 गोलियां, महिला की मौत से मचा बवाल
