Maharashtra News: महाराष्ट्र के बीड जिले में एक डीजल टैंकर से कार की जोरदार टक्कर के बाद हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर इतनी तेज थी कि कुछ ही पलों में सड़क पर धुएं का घना गुबार उठने लगा, जिससे आसपास से गुजर रहे वाहन रुक गए। हादसे के तुरंत बाद लोगों में दहशत फैल गई और कई किलोमीटर तक ट्रैफिक की रफ्तार थम सी गई। धुएं के कारण दृश्यता कम हो गई, जिससे हाईवे पर फंसे यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर हटाया गया। शुरुआती जानकारी के अनुसार, टक्कर के बाद वाहन के कुछ हिस्सों में आग लगने की आशंका बनी, जिसे देखते हुए एहतियातन इलाके को घेर लिया गया।
दमकल की त्वरित कार्रवाई: आग पर काबू की कोशिश
घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां मौके पर भेजी गईं। अग्निशमन कर्मियों ने बिना देरी किए फोम और पानी की मदद से आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की। डीजल जैसे ज्वलनशील पदार्थ की मौजूदगी के कारण स्थिति संवेदनशील थी, इसलिए फायर ब्रिगेड ने सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए काम किया। टैंकर के आसपास फैल रहे धुएं को नियंत्रित करने और आग के फैलाव को रोकने पर प्राथमिक ध्यान दिया गया। इस दौरान हाईवे के दोनों ओर यातायात रोका गया, ताकि किसी भी तरह की अनहोनी से बचा जा सके। दमकल कर्मियों की मुस्तैदी से स्थिति धीरे-धीरे नियंत्रण में आती नजर आई।
पुलिस की घेराबंदी और ट्रैफिक प्रबंधन
पुलिस भी तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गई और पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी। सुरक्षा के लिहाज से टैंकर और कार के आसपास आम लोगों की आवाजाही रोकी गई। पुलिस ने ट्रैफिक को वैकल्पिक मार्गों की ओर मोड़ दिया, ताकि हाईवे पर फंसे वाहनों को निकाला जा सके। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने बताया कि प्राथमिक जांच में टक्कर के कारणों की पड़ताल की जा रही है, जिसमें ओवरस्पीडिंग या अचानक ब्रेक जैसे पहलुओं पर ध्यान दिया जा रहा है। पुलिस ने ड्राइवरों से संयम बरतने और निर्देशों का पालन करने की अपील की। साथ ही, घटनास्थल पर मौजूद एंबुलेंस को भी सतर्क रखा गया, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल चिकित्सा सहायता दी जा सके।
जांच और एहतियात: आगे की कार्रवाई
हादसे के बाद प्रशासन ने स्थिति सामान्य होने तक हाईवे पर निगरानी बढ़ा दी। टैंकर से किसी प्रकार के रिसाव की जांच की गई और सड़क पर गिरे ईंधन को सुरक्षित तरीके से साफ कराया गया। संबंधित विभागों ने संयुक्त रूप से जांच शुरू की है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ और भविष्य में ऐसे मामलों से कैसे बचा जा सकता है। अधिकारियों ने बताया कि प्राथमिकता यात्रियों की सुरक्षा और यातायात को जल्द बहाल करना है। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घटनास्थल के आसपास भीड़ न लगाएं और अफवाहों पर ध्यान न दें। हालात काबू में आने के बाद हाईवे को चरणबद्ध तरीके से खोले जाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
