उत्तर प्रदेश (UP) में मौसम ने करवट ले ली है। जैसे ही पहाड़ों पर बर्फ की पहली फुहारें पड़ीं, वैसे ही मैदानों में ठंड ने दस्तक दे दी। कानपुर (Kanpur), इटावा, फतेहपुर और आसपास के इलाकों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया है। सुबह-सुबह कोहरे की घनी परत ने सड़कों को ढक लिया, जिससे दृश्यता पर असर पड़ा और लोगों को ठंड की तीखी चुभन महसूस होने लगी। अचानक आई इस ठंडक ने आमजन के साथ-साथ किसानों की दिनचर्या पर भी असर डाल दिया है। देर शाम होते ही हवा में नमी और ठिठुरन महसूस की जा रही है।
पश्चिमी हवाओं ने बढ़ाई सर्दी, मौसम विभाग ने दी चेतावनी
मौसम विभाग के मुताबिक उत्तर प्रदेश (UP) में उत्तर-पश्चिमी हवाएं चल रही हैं, जो पहाड़ी इलाकों से बर्फीली ठंड लेकर मैदानों तक पहुंच रही हैं। अगले 24 घंटों में न्यूनतम तापमान में और 2 डिग्री सेल्सियस की गिरावट का अनुमान जताया गया है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस हफ्ते मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन सुबह और रात के समय कोहरा परेशानी बढ़ा सकता है। लखनऊ, प्रयागराज, आगरा और वाराणसी में भी तापमान तेजी से नीचे जा रहा है। लोग अब हल्के कपड़ों की जगह स्वेटर, जैकेट और कंबल का सहारा लेने लगे हैं।
आने वाले दिनों में बढ़ेगी ठिठुरन
उत्तर प्रदेश (UP) में फिलहाल बारिश की कोई संभावना नहीं है, लेकिन ठंड का असर लगातार बढ़ेगा। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी का सीधा असर मैदानी इलाकों पर पड़ेगा। नवंबर के दूसरे सप्ताह तक ठिठुरन और गहराएगी और न्यूनतम तापमान एक अंकों में बना रहेगा। वहीं, दिन के समय भी हल्की सर्द हवाओं के कारण लोग गर्म चाय और अलाव की तलाश में दिख रहे हैं। मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि फसलों को ओस और कोहरे से बचाने के लिए सिंचाई और उचित ढकाव का इंतज़ाम करें।
