Homeराजनीतिबिहार विधानसभा में गूंजा बुलडोजर विवाद: सम्राट चौधरी बोले— ‘मेरा नाम सम्राट...

बिहार विधानसभा में गूंजा बुलडोजर विवाद: सम्राट चौधरी बोले— ‘मेरा नाम सम्राट है, बुलडोजर नहीं’

बिहार विधानसभा में बुलडोजर एक्शन को लेकर बड़ी बहस छिड़ गई। विपक्ष के आरोपों के बीच डिप्टी सीएम और गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने कहा— “मेरा नाम सम्राट है, बुलडोजर नहीं।”

-

बिहार विधानसभा का गुरुवार का सत्र पूरी तरह बुलडोजर बहस के नाम रहा। विपक्षी दलों ने राज्य के कई जिलों में चल रही बुलडोजर कार्रवाई पर सरकार को कठघरे में खड़ा कर दिया। RJD के मुख्य सचेतक कुमार सर्वजीत ने सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि गरीबों पर कार्रवाई हो रही है और बुलडोजर का इस्तेमाल गलत तरीके से किया जा रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सम्राट चौधरी का नाम तो उनके माता-पिता ने सम्राट रखा था, लेकिन मीडिया उन्हें बुलडोजर बाबा कह रही है। इस टिप्पणी के बाद सदन का माहौल और गर्म हो गया।

विपक्ष का दावा— सरकार चला रही ‘बुलडोजर राज’

बिहार में बनी नई NDA सरकार के बाद लगातार विभिन्न जिलों में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तेज हुई है। पटना, खगड़िया, किशनगंज, नालंदा, मुजफ्फरपुर, वैशाली और बेगूसराय में बुलडोजर एक्शन देखने को मिल रहा है। विपक्ष का आरोप है कि इस कार्रवाई के नाम पर गरीबों को निशाना बनाया जा रहा है और सरकार ‘योगी मॉडल’ की नकल कर रही है। RJD नेताओं ने कहा कि बिहार का वातावरण यूपी जैसा बनाने की कोशिश की जा रही है, जिसका न तो कोई तर्क है और न ही जनता इसकी मांग करती है।

सम्राट चौधरी का जवाब— मीडिया ने दिया ‘बुलडोजर बाबा’ का टैग

विपक्ष के लगातार आरोपों के बीच डिप्टी सीएम और गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने अपने मन की बात सदन में रखी। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने तो पहले ही खड़ा-खड़ा आरोपों का अंबार लगा दिया है, लेकिन मीडिया भी उन्हें ‘बुलडोजर बाबा’ कहकर संबोधित कर रही है। सम्राट चौधरी ने साफ कहा— “मेरा नाम सम्राट है, बुलडोजर नहीं। मैं कानून-व्यवस्था के अनुसार कार्रवाई कर रहा हूं।” उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार किसी निर्दोष के खिलाफ नहीं, बल्कि अतिक्रमण और गैरकानूनी ढाँचों के खिलाफ कदम उठा रही है।

सरकार की सफाई— कार्रवाई कानून के दायरे में

सरकार की ओर से कहा गया कि सभी जिलों में चल रही बुलडोजर कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत हो रही है। अधिकारियों को साफ निर्देश दिया गया है कि किसी भी गरीब परिवार को बिना विकल्प दिए परेशान न किया जाए। वहीं विपक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों को राजनीतिक स्टंट बताया गया। सरकार ने कहा कि विकास और सुशासन को बाधित करने वाले अवैध कब्जों पर कार्रवाई जारी रहेगी और इसे राजनीति से जोड़ना गलत है। सदन में बहस के बीच यह मुद्दा अभी शांत नहीं हुआ है और आगे भी राजनीतिक तनाव बना रहने के आसार हैं।

Read more-भारत दौरे से पहले बोले पुतिन: “मोदी किसी दबाव में आने वाले नेता नहीं, भारत की नीति दुनिया के लिए मिसाल”

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest posts