दिल्ली के रामलीला मैदान में रविवार को INDIA गठबंधन की ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ महारैली आयोजित की जा रही है। इस कार्यक्रम में कांग्रेस समेत विपक्ष के 23 राजनीतिक दलों के नेता शामिल हो रहे हैं। सुबह से ही समर्थकों का पहुंचना शुरू हो गया था। कई वामपंथी दलों के कार्यकर्ता झंडे और बैनर लेकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचे और वहां से रैली स्थल की ओर रवाना हुए। आयोजकों ने इस रैली में करीब 10 लाख लोगों के जुटने का दावा किया है।
मतदाता सूची और SIR को लेकर विपक्ष का विरोध
इस महारैली का मुख्य मुद्दा मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियां और चुनाव आयोग की ओर से कराया जा रहा विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) है। विपक्षी दल इन मुद्दों पर अपनी आपत्ति दर्ज कराते हुए सरकार और चुनाव आयोग के सामने सवाल उठाने की तैयारी में हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने छात्रों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों से भी रैली में पहुंचने की अपील की थी। कार्यक्रम शाम 5 बजे तक चलने का कार्यक्रम है।
राहुल गांधी ने दुकानों के बंद होने पर BJP को घेरा
रामलीला मैदान जाते समय राहुल गांधी ने कनॉट प्लेस में दुकानों के बंद होने का मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि BJP ने जबरन दुकानें बंद करवाईं, जिससे व्यापारियों को नुकसान हो रहा है। राहुल ने कहा कि कांग्रेस ने लोगों से रैली में आने के साथ स्थानीय दुकानों से खरीदारी करने की अपील की थी, ताकि कारोबारियों को फायदा मिले। इससे पहले सोशल मीडिया पोस्ट में भी उन्होंने व्यापारियों को नुकसान न होने देने की बात कही थी और लोगों से खरीदारी करने का आग्रह किया था।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम, कई बड़े नेता हुए शामिल
महारैली से पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर विपक्षी नेताओं की बैठक हुई। इसके बाद नेता रामलीला मैदान के लिए रवाना हुए। अखिलेश यादव, ममता बनर्जी सहित कई प्रमुख विपक्षी नेताओं के शामिल होने की जानकारी है। दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के लिए व्यापक व्यवस्था की है। डीसीपी सेंट्रल रोहित राजबीर के मुताबिक, इलाके में 200 से 250 CCTV कैमरे लगाए गए हैं और आयोजकों के साथ मिलकर निगरानी की जा रही है। रैली को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने ट्रैफिक एडवाइजरी भी जारी की है।
