तहलका पत्रिका के पूर्व एडिटर-इन-चीफ तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) ने 2013 के दुष्कर्म मामले में सोमवार को गोवा की मापुसा अदालत के सामने सरेंडर कर दिया। उनका यह कदम सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद सामने आया है। शीर्ष अदालत ने कहा था कि बॉम्बे हाईकोर्ट के दोषसिद्धि वाले फैसले के खिलाफ उनकी अपील पर सुनवाई से पहले तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) को आत्मसमर्पण करना होगा। इससे पहले तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) ने सरेंडर के लिए अतिरिक्त समय मांगा था, लेकिन नॉर्थ गोवा की एडिशनल सेशंस कोर्ट ने उनकी मांग खारिज कर दी थी। इसके बाद उन्होंने 14 सितंबर को अदालत के सामने पेश होने पर सहमति जताई।
सुप्रीम कोर्ट ने दी थी तीन हफ्ते की मोहलत
सुप्रीम कोर्ट ने तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) की सरेंडर से छूट देने वाली याचिका को खारिज करते हुए उन्हें तीन सप्ताह का समय दिया था। अदालत ने निर्देश दिया था कि उन्हें सरेंडर करने के बाद उसका प्रमाण पत्र जमा करना होगा। तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) की सजा के खिलाफ अपील पर 22 सितंबर को सुनवाई होनी है, जबकि उससे पहले 21 सितंबर तक सरेंडर सर्टिफिकेट जमा करना जरूरी बताया गया था। इसी कानूनी प्रक्रिया के तहत तेजपाल ने अब अदालत के सामने आत्मसमर्पण किया है। उनकी अपील पर सुनवाई के दौरान आगे की कानूनी स्थिति स्पष्ट होगी।
हाईकोर्ट ने पलटा था बरी करने का फैसला
यह मामला बॉम्बे हाईकोर्ट की गोवा बेंच के 6 अगस्त के फैसले के बाद फिर चर्चा में आया। हाईकोर्ट ने निचली अदालत के उस निर्णय को पलट दिया था, जिसमें तरुण तेजपाल को 2013 के रेप केस में बरी कर दिया गया था। हाईकोर्ट ने उन्हें मामले में दोषी ठहराया। इसके बाद तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। अब उनकी अपील पर शीर्ष अदालत में सुनवाई होनी है। इस मामले में गोवा सरकार ने भी निचली अदालत के बरी करने वाले फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट का रुख किया था।
पूर्व महिला सहयोगी ने लगाए थे गंभीर आरोप
तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) पर उनकी एक पूर्व महिला सहयोगी ने यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। महिला का दावा था कि 7 और 8 नवंबर 2013 को गोवा में तहलका पत्रिका के एक कार्यक्रम के दौरान होटल की लिफ्ट में तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) ने उनका यौन उत्पीड़न किया। इस मामले में गोवा पुलिस की सीआईडी ने उनके खिलाफ करीब 3,000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की थी। हालांकि, तरुण तेजपाल (Tarun Tejpal) ने शुरुआत से ही सभी आरोपों से इनकार किया और खुद को निर्दोष बताया। अब उनकी नजर सुप्रीम कोर्ट में होने वाली अगली सुनवाई पर है।
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