Friday, December 3, 2021

उगाही के दम पर..करोड़ों की कमाई..न शराब का शौक…न कबाब से लगाव…फिर भी ED क्यों हो रही confuse

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खौफ का दूसरा नाम था विकास दुबे…लेकिन अब इस खौफ की इंतहा हो चुकी है या फिर यूं कहें कि खौफ का दूसरा नाम अब हमेशा-हमेशा के लिए गोलियों का शिकार हो चुका है। विकास दुबे (VIKAS DUBEY) के मारे जाने के बाद जहां उसके गांव बिकुरू में खुशी की लहर है, तो वहीं दूसरी तरफ ईडी (ED) समेत अन्य जांच एजेंसियों की तफ्तीश का सिलसिला जारी है। तफ्तीश की इस कड़ी में कई लोग रडार पर आ रहे हैं, जिसमें से एक है विकास दुबे की संपत्ति। बताया जाता है कि विकास दुबे न तो शराब का शौक रखता था और न कबाब का… लेकिन शराब और कबाब के बीच शुरू हुई इस जंग में  उलझी हुई ईडी.. जांच एजेंसी ईडी को अभी तक यह समझ नहीे आ रहा है, हर महीने अपने दशहत और खौफ के दम करोड़ों की कमाई करने वाले विकास दुबे की संपत्ति आखिर कहां चली गई? आसमान निगल गया या फिर जमीन खा चुकी है… अभी तक इसका पता नहीं चल पाया है।

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फिलहाल तफ्तीश का सिलसिला जारी है। तफ्तीश की इस कड़ी में यह साफ पता चला है कि विकास दुबे हर महीने विदेशी यात्राएं किया करता था। उगाही के दम पर हर महीने करोड़ों की कमाई कर लेता था। ईडी का कहना है कि विकास दुबे अपनी कमाई का बहुत बड़ा हिस्सा अपनी अय्याशी पर खर्च करता था। महंगी शॉपिंग, विदेश यात्राएं, हवाई यात्राएं और प्रापर्टी व बैंकों के जरिए लेनदेन होता है। यहीं से ईडी का सॉफ्ट टारगेट शुरू हो जाता और फिर शुरू होती है…काले धंधों के परतों का खुलना। लेकिन विकास दुबे की संपत्तियों की जांच कर रही ईडी को इस मामले में अभी तक कुछ हाथ नहीं लगा है, जिसके चलते ईडी को विकास दुबे के बारे में कुछ खास जानकारी नहीं मिल रही है। फिलहाल तो तफ्तीश का सिलसिला जारी है।

उधर, जांच एजेंसी ईडी अभी साइलेंट इनवेस्टर की खोज कर रही है, जो कि विकास के पैसों को ठिकाने लगाने का काम करता था। इसके साथ ही विकास के इतर ईडी उसके गुर्गों की बैंक डिटेल, निवेश और पॉपटी के बारे छानबीन की जा रही है। ईडी हर उस शख्स की फाइल तैयार कर रही है, जो उससे जुड़ा हुआ था। हर उस शख्स की काली छिठ्ठी भी तैयार की जा रही है… जो विकास दुबे से जुड़ा हुआ था। ईडी का कहना है कि हम उस कमजोर कड़ी की तलाश कर रहे हैं.. बस हमें यदि एक बार वह मिल जाए तो काली इबारते खुद ब खुद खुल जाएगी।

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