उत्तर प्रदेश सरकार ने 7 अप्रैल, 2026 को हुई कैबिनेट की बैठक में एक बड़ा फैसला लिया है, जो राज्य की सभी 403 विधानसभा सीटों पर लागू होगा। फैसले के मुताबिक, हर विधानसभा में डॉ. बी.आर. आंबेडकर की प्रतिमाओं के लिए छत्र (छाजन), बाउंड्री वॉल और अन्य सौंदर्यीकरण कार्य किए जाएंगे। सरकार ने यह योजना आंबेडकर जयंती से पहले लागू करने का निर्णय लिया है, ताकि प्रतिमाओं की सुरक्षा और उनके आसपास का क्षेत्र संरक्षित और सुंदर बनाया जा सके।
403 विधानसभा में 10-10 स्मारकों का विकास
सरकार ने बताया कि यूपी की हर विधानसभा में 10 स्मारकों का विकास किया जाएगा। प्रत्येक स्मारक के विकास पर 10 लाख रुपये खर्च होंगे। इसका मतलब यह हुआ कि पूरे राज्य में कुल 403 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। वर्तमान में कई मूर्तियां ऐसे स्थानों पर हैं, जहां पर्याप्त सुरक्षा और बाउंड्री वॉल नहीं है। इसके कारण वे मौसम, अतिक्रमण और उपेक्षा का शिकार हो रही थीं। अब इस योजना के जरिए मूर्तियों के आस-पास सुरक्षा, सौंदर्यीकरण और जनोपयोगी सुविधाओं का निर्माण किया जाएगा।
सुरक्षा, सांस्कृतिक संरक्षण और रोजगार
योगी सरकार ने बताया कि इस योजना से न केवल मूर्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी, बल्कि उनके आसपास का क्षेत्र भी लोगों के लिए आकर्षक और उपयोगी बनेगा। मूर्तियों के विकास से आसपास के इलाकों में रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि दिसंबर 2026 तक सभी स्थानों पर यह कार्य पूरा हो और डॉ. आंबेडकर की प्रतिमाओं को सम्मानजनक और संरक्षित स्वरूप दिया जा सके। विशेषज्ञों का कहना है कि इस योजना से न सिर्फ सांस्कृतिक विरासत सुरक्षित होगी, बल्कि लोगों में जागरूकता और सम्मान की भावना भी बढ़ेगी।
स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना में टैबलेट वितरण
कैबिनेट ने औद्योगिक विकास विभाग के लिए स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत निःशुल्क टैबलेट वितरण की भी मंजूरी दी है। इस योजना के तहत 25 लाख टैबलेट खरीदे जाएंगे। इससे पहले 60 लाख स्मार्टफोन और टैबलेट वितरित किए जा चुके हैं। सरकार का उद्देश्य युवाओं को डिजिटल शिक्षा और तकनीकी ज्ञान से जोड़ना है। इसके लिए औद्योगिक विकास विभाग की हाई पॉवर कमेटी ने प्रस्ताव को मंजूरी दी और मंत्रिपरिषद ने इसे हरी झंडी दे दी।
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