Wednesday, January 20, 2021
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खिलाड़ियों के लगातार घायल होने से निशाने पर आ गये मुख्य कोच रवि शास्त्री

दिल्ली। भारतीय टीम के प्रदर्शन के साथ ही खिलाड़ियों के स्वास्थ्य पर भी नजर रखी जा रही है। ऑस्ट्रेलिया में खेली जा रही गावस्कर बाॅर्डर सीरीज के दौरान कई खिलाड़ी घायल हो गये। चोटिल खिलाड़ियों की संख्या लगातार बढ़ने से टीम इंडिया के लिए परेशानियां बढ़ती जा रही हैं। चोट की पीड़ा दो और खिलाड़ियों पर पहुंची है। सिडनी टेस्ट मैच समाप्त होने के बाद टीम के प्रमुख दो खिलाड़ी रवींद्र जडेजा हनुमा विहारी चोट के चलते बॉर्डर-गावस्कर सीरीज के आखिरी मैच ब्रिसबेन टेस्ट से बाहर हो गए हैं। दोनों खिलाड़ियों के घायल होने से टीम के संतुलन में परेशानी बढ़ी है। टीम के लिए परेशानी तब और बढ़ गईं, जब भारतीय तेज गेंदबाजी की अगुवाई करने वाले जसप्रीत बुमराह, बल्लेबाज मयंक अग्रवाल और ऑफ स्पिनर आर अश्विन भी चोटिल खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल हो गए। इन खिलाड़ियों के घायल होने से स्वस्थ और जुझारू खिलाड़ियों की संख्या कम होती जा रही है। खिलाड़ियों के लगातार चोटिल होने पर फैन्स ने सोशल मीडिया पर टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री को निशाने पर लेते हुए उन्हें जमकर ट्रोल किया है। प्रशंसकों, खेल प्रेमियों ने खिलाड़ियों के प्रति लापरवाही माना है।

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रवि शास्त्री को प्रशंसकों ने ट्वीटर लिखा है कि अगले ब्रिसबेन टेस्ट मैच के लिए रवि शास्त्री तैयार हैं। लगातार खिलाड़ियों के घायल होने से रवि शास्त्री की उम्मीदें बढ़ गयी है। ट्वीटर पर हास्य और व्यंग्य की बौछार हो गयी है। ज्ञात हो कि बुमराह तीसरे भारतीय तेज गेंदबाज हैं जो सीरीज के दौरान चोटिल हुए हैं। उनसे पहले मोहम्मद शमी एडिलेड में पहले टेस्ट और उमेश यादव मेलबर्न में दूसरे टेस्ट में चोटिल होकर सीरीज से बाहर हो चुके हैं। इसके अलावा बल्लेबाज लोकेश राहुल नेट प्रैक्टिस में कलाई में चोट लगाने के कारण सीरीज से बाहर हो गए और उन्हें स्वदेश लौटना पड़ा। एक तरह से देखा जाये तो जो टीम सीरीज खेलने गयी थी उसके आधे खिलाड़ी घायल हो चुके हैं।

गेंदबाजों के लगातार घायल होने से टीम के धार कुंद हो जाएगी। गेंदबाजी का पक्ष कमजोर हो जाएगा। भारत के पास तेज गेंदबाजी विभाग में अब मोहम्मद सिराज और नवदीप सैनी के अलावा शार्दुल ठाकुर और टी नटराजन रह गए हैं। सिराज के पास दो टेस्टों और सैनी के पास एक टेस्ट का अनुभव है। ठाकुर ने अपना एकमात्र टेस्ट 2018 में खेला था जबकि बाएं हाथ के तेज गेंदबाज नटराजन को अपना टेस्ट डेब्यू करना है। गेंदबाजों के घायल होने का परिणाम है कि ब्रिसबेन में बिना अनुभव वाली गंेदबाजी होगी। भारत के चारो गेंदबाजी नये साबित होंगे।

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