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योगी कैबिनेट का शानदार फैसला, आम आदमी से जुड़ी बड़ी खुशखबरी

योगी सरकार ने एक अहम फैसला लेते हुए आम आदमी को बड़ी खुशखबरी दी है. सीएम योगी की अध्यक्षता में शुक्रवार को कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा को यूपी में साल 2019-20 में लागू किए जाने को लेकर फैसला लिया गया. दरअसल, ये बीमा कवर प्राकृतिक आपदाओं वो रोके न जा सकते वाले अन्य जोखिमों (रोग, कीट समेत आदि) से फसल नष्ट होने पर दिया जाता है. इस बीमा का संचालन बेमौसम, ज्यादा बारिश, कम बारिश, कम या ज्यादा तापमान समेत आदि चीजों से फसल नष्ट होने पर किया जाएगा.

मौसम की स्थिति के आकलन के लिए ब्लॉक में दो स्वचालित मौसम केंद्र की स्थापनी बीमा कंपनी की तरफ से स्वतंत्र एजेंसी के माध्यम से की जाएगी. वहीं प्रतिकूल मौसम होने पर बोआइ न कर पाने पर बीमित कृषक को बीमित राशि के 25 प्रतिशत तक तत्काल क्षतिपूर्ति का प्रावधान है. ग्राम पंचायत स्तर पर खरीफ मौसम में ज्वार, बाजरा, धान, तिल, उर्द, सोयाबीन, मूंग, अरहर, मूंगफली और रबी मौसम में जौ, मटर, गेहूं, चना, लाही-रसरों, मसूर, अलसी और आलू को बीमित किया जाएगा.

खनन मामले में यूपी की योगी सरकार ने पूर्व की सरकार में तय कि गई बाध्यताओं में संशोधन किया है. मंत्रिमंडल ने नदी तलीय खनन क्षेत्र के पट्टा धारको अब जिले में भंडारण की अनुमित पर पाबंदी लगा दी है. पहली की सरकार ने भंडारण पट्टा धारको को स्वीकृत  खनन क्षेत्र में भंडारण की अनुमति दी थी. योगी सरकार ने इसके अलावा खनिज स्रोत से दस किमी दायर में फैसले भंडारण पर प्रतिबंध में बदलाव करते हुए अब इसे पांच किमी कर दिया गया है. यह भी स्पष्ट कर दिया गया है कि नदी तलीय उप खनिज का भंडारण की स्वीकृति पांच किमी की परिधि में नहीं की जा सकेगी.

इस बैठक में यूपी की सरकार कई बड़े फैसले लिए है. सरकार ने इन्वेस्टर्स समिट में मेगा, मेगा प्लस व सुपर मेगा श्रेणी के एमओयू साइन करने वाले काष्ठ आधारित उद्योगों के लिए लाइसेंस देने की नीति तय कर दी गई है. मंत्रिमंडल ने इस संबंध में राज्य स्तरीय समिति के फैसले केमद्देनजर फैसला किया है. मिड डे मील रसोइयों और हेल्पर का मानदेय 1500 करने का फैसला लिया है. अभी रसोइयों को 10 माह केलिए 1000 रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाता है. जिसमें भारत सरकार 600 रुपये और राज्य सरकार 400 रुपये देती है. 26 दिसंबर 2009 से निर्धारित इस मानदेय में कोई बढ़ोत्तरी नहीं हुई है. कैबिनेट से मंजूरी के बाद 10 माह तक रसोइयों को 500 रुपये बढ़ाकर 1500 रुपये प्रतिमाह दिए जाएंगे. ये भी पढ़ें: भारत में धोनी ने खेला आखिरी मैच ? अगले दो मैचों के लिए मिला आराम

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