LAC पर बेकाबू हालात, 45 साल बाद भारत और चीनी जवानों के बीच हुई फायरिंग, जानें सीमा की स्थिति

722
Firing On Lac

वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के पास एक बार फिर दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया है. काफी समय से चीन (China) की तरफ से लगातार सीमा के पास गतिविधियां जारी थी जिसे देखते हुए भारत की ओर से भी जवानों की तैनाती और हथियारों की संख्या बढ़ाई जा रही थी. लेकिन हालात अचानक से इतने ज्यादा नाजुक हो जाएंगे, जिसके चलते फायरिंग जैसी स्थिति देखने को मिलेगी इसका अंदाजा तक नहीं था. लेकिन हाल ही में सीमा के पास से ये खबर आई है कि भारत और चीन के सैनिकों में गोलीबारी हुई है. फिलहाल सरकारी शीर्ष सूत्रों के हवाले से भी ये जानकारी मिली है कि हालात अभी नियंत्रण में है. हालांकि बीते कई महीने से ही एलएसी पर हालात अस्थिर बने हुए हैं. कई बार दोनों देशों के सैनिकों का आमना-सामना हो चुका है लेकिन फायरिंग जैसी नौबत नहीं आई थी. यहां तक कि दोनों इस तनाव को लगातार सैन्य और कूटनीतिक स्तर पर सुलझाने के प्रयास में लगे हुए हैं. लेकिन हैरानी वाली बात तो ये है कि साल 1975 के बाद ये पहली बार है जब सीमा पर भारत और चीन के सैनिकों के बीच ऐसे फायरिंग हुई है.

ये भी पढ़ें:- इसे कहते हैं भारतीय सेना, विवाद छोड़ पेश की मानवता की मिसाल, बचाई 3 चीनी नागरिकों की जान

दरअसल सूत्रों की माने तो सबसे पहले फायरिंग की शुरूआत चीन के सैनिकों (Chinese soldier) की तरफ से की गई, ऐसे में भारतीय जवानों (Indian Army) को भी जवाबी कार्रवाई में ये रूख अपनाना पड़ा. इसके बाद दोनों तरफ से फायरिंग हुई. हालांकि सीमा पर अभी हालात नियंत्रण में होने की बात कही जा रही है. लेकिन इसी बीच चीनी रक्षा मंत्रालय, चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी के वेस्टर्न थियेटर कमान के प्रवक्ता कर्नल झांग शुइली ने इस बारे में देर रात एक बयान जारी किया है. जिसमें उनका कहना है कि पहले भारतीय सैनिकों की तरफ से कथित “उकसावे” की कार्रवाई की गई इसके बाद चीनी सैनिकों ने जवाबी कार्रवाई (countermeasures) में फायरिंग जैसा कदम उठाया. फिलहाल चीन की चालबाजी किसी भी देश से छिपी नहीं है अपने षड्यंत्र को कामयाब करने के लिए ड्रैगन किसी भी हद तक जा सकता है. इस बात का अंदाजा झांग शुइली के ही बयान से लगाया जा सकता है.

जी हां बयान में झांग शुइली यहीं नहीं रूके आगे उन्होंने चीन के मकसद का खुलासा करते हुए कहा कि भारतीय जवानों ने अवैध रूप से सोमवार को पैंगोंग झील के दक्षिणी किनारे के पास शेनपाओ पहाड़ में LAC के पास को पार किया है. जबकि भारतीय सेना के सूत्रों की ओर से इस बात पर मुहर लगाई गई है कि “वार्निंग शॉट्स” फायर किए गए थे.Tension between India China over LACइसके साथ ही ये भी बताया है कि सीमा पर तैनात किए गए सभी जवान तभी से ही हाई अलर्ट मोड पर हैं, जब काला टॉप और हेल्मेट टॉप से चीनीयों को खदेड़ा गया था और इस इलाके को अपने नियंत्रण में लिया था. लेकिन चीनी सैनिक लगातार इन दोनों चोटियों पर कब्जा करने के लिए आगे बढ़ने की कोशिश में लगे हुए हैं.

इतना ही नहीं पीएलए वेस्टर्न थियेटर कमांड के प्रवक्ता कर्नल झांग शुइली ने तो इस बात का भी दावा किया है कि ऑपरेशन के वक्त, भारतीय जवानों ने चीनी बॉर्डर गार्ड्स के पेट्रोलिंग कर्मियों को फायरिंग करने के लिए डराया धमकाया भी था. जिसके बाद चीनी बॉर्डर गार्ड्स को हालात को देखते हुए पलटवार करने के लिए मजबूरन फायरिंग करनी पड़ी. फिलहाल सरकारी सूत्रों के हवाले से मिल रही जानकारी के मुताबिक भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच गोलीबारी की घटना पूर्वी लद्दाख सेक्टर में LAC के सटे इलाके में हुई है. देखा जाए तो ये हालात फिर से ऐसे वक्त पर बने है जब भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर एससीओ की बैठक में हिस्सा लेने के लिए मॉस्को रवाना होने वाले हैं.

ये भी पढ़ें:- ड्रैगन की बेचैनी..राजनाथ सिंह से मिलने होटल तक पहुंच गए चीनी रक्षा मंत्री, ये थी बड़ी वजह