DSP दविंदर सिंह पर बड़ा खुलासा, हिजबुल आतंकियों को घर में रहने की दी जगह, लाखों में हुई थी डील

0
1652
davinder singh
Loading...

जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) के कुलगाम से शनिवार को डीएसपी दविंदर सिंह (DSP Davinder Singh) को हिरासत में लिया गया। लेकिन, ध्यान देने वाली बात तो ये है कि, डीएसपी को हिजबुल मुजाहिदीन (Hizbul Mujahideen) आतंकियों के साथ गिरफ्तार किया गया है और उन पर आंतकियों को पनाह देने के आरोप लगे हैं। इस मामले पर अब हर दिन एक नया चौंकाने वाला खुलासा हो रहा है। फिलहाल उन्हें उनके पद से निलंबित कर दिया गया है और इंटेलिजेंस अधिकारी हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ कर रहे हैं। पूछताछ में सबसे बड़ा खुलासा इस बात का हुआ है कि, दविंदर सिंह ने आतंकियों को अपने ही घर में छिपाया हुआ था।

दविंदर सिंह को गिरफ्तार करने के बाद से जांच अधिकारी ने घटना के तार जोड़ते हुए उस वकील का जिक्र किया जो हिजबुल मुजाहिदीन के स्वयंभू जिला कमांडर नवीद बाबा और अल्ताफ को शुक्रवार को अधिकारी के घर लेकर गया था। वहीं अब पुलिस का शक वकील इरफान पर है और माना जा रहा है कि, ये भी आतंकी संगठनों के लिए काम करता था।
मिली जानकारी के आधार पर दविंदर सिंह को जम्मू-श्रीनगर हाइवे पर मीर बाजार से हिरासत में लिया गया था। उस वक्त दविंदर सिंह आतंकियों को चंडीगढ़ के लिए रवाना कर रहा था। पुलिस अधिकारियों ने आंतकियों की पहचान हिजबुल कमांडर नवीद बाबू और उसके दो साथी इरफान और अल्ताफ के तौर पर की है। बता दें, मामले की जांच में इस बात का भी खुलासा हुआ है कि, आतंकी बिना किसी रुकावट के कश्मीर से बाहर जा सके इसके लिए दविंदर सिंह ने छुट्टी भी मांगी थी।

12 लाख में हुई थी आतंकियों से डील
वहीं दैनिक जागरण ने पुलिस सूत्रों के हवाले से ये दावा पेश किया कि, दविंदर सिंह की आतंकियों से 12 लाख की डील हुई थी और आतंकियों को हथियार दिलवाने का जिम्मा भी दविंदर सिंह के ही पास था।

दविंदर सिहं का कैसा हुआ खुलासा?
मामले की जांच कर रहे अधिकारियों का कहना है कि, शनिवार को दविंदर सिंह सुबह 10 बजे आतंकियों को सादे कपड़ों में लेकर अपने घर से निकले थे। इससे ये तो साफ हुआ कि, आतंकियों ने रात भी वहीं बिताई थी और खाना भी दविंदर सिंह के घर पर खाया था। पर पुलिस ने हिरासत में उनकी गाड़ी को श्रीनगर से करीब 60 किलोमीटर दूर लिया और जब दविंदर सिंह से सवाल किए गए तो वो किसी भी सवाल का जवाब नहीं दे पाए बल्कि पुलिस को गुमराह करने की कोशिश करने लगे। इस पर फौरन उन्हें हिरासत में ले लिया गया और घर की तलाशी भी ली गई जहां से अधिकारियों को एके-47 और दो पिस्टल बरामद हुई।

पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी
अब मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने ये भी बताया कि, जिस आतंकी पर 20 लाख का इनाम था उसी आतंकी को दविंदर सिंह पुलिस से बचाने की कोशिश कर रहे थे पर अब पुलिस ने हिजबुल कमांडर नवीद बाबू को हिरासत में ले लिया है।

दविंदर सिंह पहले भी आ चुके हैं सुर्खियों में
हालांकि, दविंदर सिंह पहले भी पुलिस की नजरों में आ चुके हैं इससे पहले दविंदर सिंह का नाम साल 2013 में संसद हमले के दोषी अफजल गुरु से जुड़ा था। पर जब मामले की जांच की गई तो दविंदर सिंह निर्दोष पाए गए थे। इस कारण कोई कार्रवाई नहीं की गई।

पर अब जब दविंदर सिंह को लेकर इतना बड़ा खुलासा हुआ है तो ये वाकई पुलिस प्रशासन पर कई तरह के सवाल खड़ा करता है। लेकिन, सबसे अच्छी बात ये है कि, पुलिस बल ने अपने सीनियर अधिकारी को हिरासत में लेने में देरी नहीं की उन्हें घटनास्थल से फौरन गिरफ्तार किया गया। पुलिस बल के इस काम की खुद पूर्व पुलिस महानिदेशक कुलदीप खोड़ा ने तारीफ की है।

जानकारी के लिए बता दें, डीएसपी पद से निलंबित हो चुके दविंदर सिंह को राष्ट्रपति पुलिस पदक से भी सम्मानित किया जा चुका है। पर आतंकियों का साथ देना अब उन पर भारी पड़ सकता है क्योंकि, भारत पहले से ही आतंकियों पर शिकंजा कसता आया है और अब जब पुलिस का ही अधिकारी उन्हें पनाह देते हुए नजर आया है तो उन पर कार्रवाई होना लाजमी है। माना जा रहा है कि, अब उनसे पदक भी छीने जा सकते हैं। पर सबसे बड़ा सवाल ये कि, आखिर एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ऐसा कैसे कर सकता है।

ये भी पढ़ेंः- कुलगाम में सेना ने 3 आतंकियों को उतारा मौत के घाट, ऑपरेशन में डीएसपी शहीद

Loading...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here