पाक वैज्ञानिकों ने मुल्क के नेताओं को लगाई लताड़, बोले- भारत से कुछ सीखकर जागो पाकिस्तान!

0
1291

पाकिस्तान कितने गहरे पानी है। इस बात को पूरा विश्व जानता है। वो अपने देश की तरक्की से ज्यादा भारत के मामलों पर टांग अड़ाने की कोशिश करता है। यही वजह है कि, इस समय पाकिस्तान आर्थिक तंगी से गुजर रहा है। आलम तो ये है कि, पाक ना तो अपने मुल्क की तरक्की के पथ पर आगे बढ़ना चाहता है। और ना ही किसी दूसरे देश के साथ खड़े होना चाहता है। इसी कारण पाकिस्तान को सिर्फ देशों की नहीं बल्कि, खुद अपने मुल्क की ही लताड़ खानी पड़ती है। अब आप खुद देखिए, जिस दिन भारत का मिशन चंद्रयान-2 सफल होना था, और वो नहीं हो पाया। तो फौरन पाकिस्तान के मंत्री फवाद चौधरी और पाक सेना के प्रवक्ता मेजर जनरल आसिफ गफूर ने जमकर मजाक बनाया।

पाक वैज्ञानिकों ने मुल्क के नेताओं को लगाई फटकार
पाक नेताओं की इसी हरकत पर पाकिस्‍तानी अंतरिक्ष यात्री नमीरा सलीम और पाकिस्तान के वैज्ञानिक और पूर्व में विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री रह चुके डॉक्टर अता-उर-रहमान ने जमकर खरी-खोटी सुनाई है। Fawad-chaudhryउन्होंने कहा कि, इस्लामाबाद को इसरो से कुछ सीखना चाहिए। जबकि, डॉक्टर अता-उर-रहमान ने ट्विटर पर भारत को तंज कसने वालों के लिए कहा कि, ‘भारत के मिशन की असफलता पर इस तरह आलोचना बहुत गलत है। क्योंकि, लक्ष्य के इतने करीब आना अपने आप में ही एक बड़ी उपलब्धि है। और पाकिस्तान इस उपलब्धि में भारत से दशकों पीछे है। इसलिए भारत की असफलता पर तंज कसने और जश्न मनाने के बजाय जागने और विज्ञान क्षेत्र में निवेश करने की आवश्यकता है। इसके आगे उन्होंने लिखा, जागो पाकिस्तान!’

पाकिस्तान को जागने की जरूरत
पाकिस्तान में पूर्व प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. अता-उर-रहमान ने इस बीच मीडिया से भी बातचीत की। जिसमें वो बोले कि, भारत का चंद्रयान-2 मिशन से पाकिस्तान को जागने की जरूरत है। और इस मिशन को असफल तो बिल्कुल नहीं कहा जा सकता, क्योंकि, इस तरह के मिशन में उन्नत तकनीक वाले कई देश भी असफल हुए हैं। और सफल व असफल होना तो एक मिशन का हिस्सा होता है। लेकिन जो अंतिम समय तक अपने प्रयासों को जारी रखता है, वे सफल जरूर होते हैं। उन्होंने आगे कहा कि, भारत अपने विकास के लिए जो कदम उठा रहा है वो सही है। पाक को भी मंगल और चांद पर जाने के लिए भारत से कुछ सीखना चाहिए। ये भी पढ़ेंः- इमरान की नहीं सुनती पाकिस्तानी सेना, कहा ‘पहले परमाणु बम इस्तेमाल करने की कोई नीति नहीं’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here