महादेव बेटिंग ऑनलाइन गेमिंग और सट्टेबाजी के सबसे बड़े सिंडिकेट में भारतीय जांच एजेंसियों को एक और ऐतिहासिक सफलता हाथ लगी है। इस बहुचर्चित आर्थिक घोटाले के सह-संस्थापक रवि उप्पल को संयुक्त अरब अमीरात (दुबई) में गिरफ्तार किए जाने की पुख्ता खबर सामने आई है। कुछ ही दिन पहले मुख्य आरोपी सौरभ चंद्राकर के भारत लाए जाने के बाद से ही एजेंसियों की नजर रवि उप्पल पर टिकी हुई थी। हालांकि यूएई प्रशासन की तरफ से अभी तक आधिकारिक मुहर लगना बाकी है, लेकिन सूत्रों के हवाले से मिल रही इस खबर ने देश के गलियारों में हलचल पैदा कर दी है।
हवाला नेटवर्क और रसूखदारों से कनेक्शन की खुलेगी परतें
प्रवर्तन निदेशालय (ED) और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के अनुसार, रवि उप्पल इस पूरे साम्राज्य के वित्तीय प्रबंधन और हवाला चैनल्स को संभालने का मुख्य जिम्मा उठाता था। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि छत्तीसगढ़ के कई बड़े राजनेता, प्रभावशाली नौकरशाह और हाई-प्रोफाइल हस्तियां इस सिंडिकेट के सीधे संपर्क में थीं। रवि उप्पल पर आरोप है कि उसने अवैध तरीके से कमाए गए काले धन को सफेद करने और विदेशी खातों में भेजने का ताना-बाना बुना था। अब जब वह एजेंसियों के शिकंजे में आ चुका है, तो पूछताछ के दौरान कई चौंकाने वाले नाम सामने आ सकते हैं।
इंटरपोल के रेड कॉर्नर नोटिस और वानुअतु पासपोर्ट का टूटा जाल
भारतीय एजेंसियों से बचने के लिए रवि उप्पल और सौरभ चंद्राकर ने कानूनी दांव-पेंच का सहारा लिया था। इन दोनों के पास कैरेबियाई देश ‘वानुअतु’ के फर्जी या वैकल्पिक पासपोर्ट होने की बात सामने आई थी, जिसके दम पर वे लंबे समय तक कानून की आंखों में धूल झोंकने में कामयाब रहे थे। अक्टूबर 2023 में इंटरपोल द्वारा रेड कॉर्नर नोटिस जारी किए जाने के बाद दिसंबर 2023 में भी उसे दुबई में पकड़ा गया था, लेकिन कानूनी पचड़ों के चलते तब वह छूट गया था। इस बार हालात पूरी तरह बदल चुके हैं और सौरभ के प्रत्यर्पण के बाद रवि उप्पल का बचना लगभग नामुमकिन नजर आ रहा है।
मनी ट्रेल और अन्य आरोपियों पर कसेगा शिकंजा
रवि उप्पल की इस गिरफ्तारी से देश के सबसे बड़े ऑनलाइन सट्टेबाजी घोटाले की पूरी मनी ट्रेल (पैसे के लेन-देन का रास्ता) साफ होने की उम्मीद बंध गई है। ED यह बारीकी से खंगालने में जुटी है कि इस ऐप के जरिए जुटाए गए सैकड़ों करोड़ रुपये आखिर देश-विदेश में किन-किन लोगों की झोली में गए। इसके अलावा, दुबई में छिपे बैठे एक अन्य मुख्य आरोपी विकास छपरिया पर भी अब शिकंजा कसने की तैयारियां तेज हो चुकी हैं। आने वाले दिनों में रवि उप्पल का भारत पहुंचना इस पूरे मामले में सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हो सकता है।
