Basti News: उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में रसोई गैस को लेकर फैली एक अफवाह ने लोगों में ऐसी बेचैनी पैदा कर दी कि कई इलाकों में गैस एजेंसियों के बाहर अचानक भारी भीड़ उमड़ पड़ी। बताया जा रहा है कि जिले के बनकटी विकासखंड के महादेवा चौराहे पर स्थित एक गैस एजेंसी के बाहर मंगलवार सुबह से ही लोगों की लंबी कतारें लग गईं। दरअसल, इलाके में यह चर्चा तेजी से फैल गई थी कि घरेलू गैस सिलेंडर की कीमतों में जल्द ही भारी बढ़ोतरी होने वाली है और आने वाले दिनों में गैस की कमी भी हो सकती है। इस खबर ने गृहणियों और आम उपभोक्ताओं को चिंतित कर दिया। नतीजा यह हुआ कि सुबह चार बजे से ही लोग अपने खाली सिलेंडर लेकर एजेंसी के बाहर पहुंचने लगे, ताकि समय रहते गैस भरवा सकें।
एजेंसी खुलते ही मची भगदड़, सिलेंडर लेकर भागते दिखे लोग
बस्ती जिले में सुबह करीब सात बजे जैसे ही गैस एजेंसी का शटर खुला, वहां मौजूद भीड़ में अचानक अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कतार और नियमों को दरकिनार करते हुए कई लोग सिलेंडर लेकर एजेंसी परिसर के अंदर की ओर दौड़ पड़े। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में साफ दिखाई देता है कि कुछ लोग भारी गैस सिलेंडर को सिर और कंधे पर उठाकर तेजी से भाग रहे हैं। इस दौरान धक्का-मुक्की भी हुई और कुछ देर के लिए हालात अनियंत्रित हो गए। वहां मौजूद स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह सिलेंडर लेकर दौड़ना बेहद खतरनाक हो सकता था, क्योंकि छोटी सी चूक भी किसी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती थी। हालांकि एजेंसी कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने मिलकर स्थिति को धीरे-धीरे नियंत्रित किया और बाद में उपभोक्ताओं को क्रम से गैस उपलब्ध कराई गई।
सोशल मीडिया पर फैली अफवाह बनी परेशानी की वजह
बस्ती जिले में स्थानीय निवासियों के अनुसार पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया और आपसी बातचीत में यह खबर तेजी से फैल रही थी कि जल्द ही गैस सिलेंडर की कीमतों में बड़ा इजाफा हो सकता है और सप्लाई भी प्रभावित हो सकती है। इसी अफवाह ने लोगों को असहज कर दिया। कई लोगों को डर था कि अगर उन्होंने तुरंत सिलेंडर नहीं भरवाया तो बाद में ज्यादा कीमत चुकानी पड़ सकती है या गैस मिलने में दिक्कत आ सकती है। यही कारण है कि बड़ी संख्या में लोग एजेंसियों की ओर दौड़ पड़े। इसके अलावा हाल ही में गैस कंपनियों द्वारा लागू किए गए एक नए नियम ने भी लोगों की चिंता बढ़ा दी। इस नियम के अनुसार गैस लेने के लिए उपभोक्ता के मोबाइल नंबर की केवाईसी जरूरी होगी और एजेंसी से ओटीपी के जरिए ही सिलेंडर दिया जाएगा। साथ ही 25 दिनों के बाद ही दूसरी बुकिंग संभव होगी। इन बदलावों ने भी लोगों के बीच भ्रम और असमंजस की स्थिति पैदा कर दी।
प्रशासन का दावा – जिले में गैस की कोई कमी नहीं
इस पूरे मामले के बाद जिला प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। बस्ती के जिला पूर्ति अधिकारी Vimal Kumar Shukla ने साफ कहा है कि जिले में रसोई गैस की कोई कमी नहीं है और सप्लाई सामान्य रूप से जारी है। उन्होंने बताया कि जिले में कुल लगभग 40 गैस एजेंसियां हैं और करीब 5 लाख 80 हजार से ज्यादा उपभोक्ता उनसे जुड़े हुए हैं। पिछले कई वर्षों में यहां कभी गैस की गंभीर किल्लत नहीं हुई। अधिकारियों के अनुसार हाल के दिनों में फैली अफवाहों के कारण अचानक मांग बढ़ गई, जिससे एजेंसियों पर भीड़ का दबाव दिखाई दिया। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घबराने की बजाय सामान्य तरीके से गैस बुकिंग करें और किसी भी अपुष्ट जानकारी पर भरोसा न करें।
