Monday, February 2, 2026
Homeखेलबल्लेबाजी के बाद पवेलियन लौट रहा था भारतीय बल्लेबाज, मैदान पर ही...

बल्लेबाजी के बाद पवेलियन लौट रहा था भारतीय बल्लेबाज, मैदान पर ही अचानक कैसे हो गई मौत?

-

गुरुवार का दिन मिजोरम क्रिकेट के इतिहास में एक ऐसा दुखद अध्याय जोड़ गया, जिसे लंबे समय तक भुला पाना मुश्किल होगा। लोकल दूसरे डिविजन क्रिकेट टूर्नामेंट के एक मुकाबले के दौरान पूर्व रणजी क्रिकेटर के. लालरेमरूआटा मैदान पर उतरे थे। खेल सामान्य चल रहा था, दर्शक मुकाबले का आनंद ले रहे थे और किसी को अंदाजा नहीं था कि कुछ ही मिनटों में यह मैदान मातम में बदल जाएगा। बल्लेबाजी पूरी करने के बाद जब लालरेमरूआटा पवेलियन की ओर लौट रहे थे, तभी अचानक उनकी चाल लड़खड़ाने लगी। देखते ही देखते वह मैदान पर गिर पड़े। साथी खिलाड़ी और अंपायर तुरंत उनकी ओर दौड़े, लेकिन हालात तेजी से बिगड़ चुके थे। शुरुआती जांच में सामने आया कि उन्हें दिल का दौरा पड़ा था। मैदान पर मौजूद लोगों के लिए यह दृश्य बेहद दर्दनाक था, क्योंकि एक फिट और सक्रिय खिलाड़ी का इस तरह अचानक गिर पड़ना किसी के भी लिए कल्पना से परे था। कुछ ही देर बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया गया, जिसके साथ ही मैच रोक दिया गया और पूरे स्टेडियम में सन्नाटा छा गया।

क्रिकेट करियर और पहचान जिसने मिजोरम को गौरव दिलाया

38 वर्षीय के. लालरेमरूआटा सिर्फ एक लोकल खिलाड़ी नहीं थे, बल्कि मिजोरम क्रिकेट की पहचान माने जाते थे। उन्होंने दो बार रणजी ट्रॉफी में मिजोरम का प्रतिनिधित्व किया और राज्य के लिए कई यादगार पारियां खेलीं। इसके अलावा वह सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी सात मुकाबलों का हिस्सा रहे, जहां उन्होंने अपनी तकनीक और अनुशासन से टीम को मजबूती दी। घरेलू क्रिकेट के साथ-साथ वह लगातार लोकल क्लब क्रिकेट में सक्रिय थे और वेंगनुआइ रेडर्स क्रिकेट क्लब के लिए खेल रहे थे। युवा खिलाड़ियों के लिए वह एक रोल मॉडल थे, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े मंच तक पहुंचने की प्रेरणा देते थे। कोच और साथी खिलाड़ी बताते हैं कि लालरेमरूआटा मेहनत, फिटनेस और अनुशासन को लेकर बेहद गंभीर रहते थे। यही वजह है कि उनके अचानक निधन की खबर ने सभी को हैरान कर दिया। क्रिकेट के जानकारों का मानना है कि मिजोरम जैसे उभरते क्रिकेट राज्य के लिए यह नुकसान सिर्फ एक खिलाड़ी का नहीं, बल्कि एक मार्गदर्शक का भी है।

शोक में डूबा क्रिकेट जगत

इस हादसे के बाद मिजोरम क्रिकेट संघ (MCA) ने गहरा शोक जताया है। संघ की ओर से जारी बयान में कहा गया कि के. लालरेमरूआटा का निधन मिजोरम क्रिकेट के लिए अपूरणीय क्षति है। MCA ने उन्हें एक समर्पित, अनुशासित और प्रेरणादायक खिलाड़ी बताया, जिन्होंने हमेशा खेल की गरिमा बनाए रखी। संघ ने उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस कठिन समय में पूरा क्रिकेट समुदाय उनके साथ खड़ा है। स्थानीय क्लबों ने भी अपने-अपने मैच रद्द कर शोक प्रकट किया। सोशल मीडिया पर खिलाड़ियों, कोचों और प्रशंसकों ने श्रद्धांजलि संदेश साझा किए। कई लोगों ने इस घटना को खेल के दौरान खिलाड़ियों की सेहत और नियमित मेडिकल जांच से जोड़ते हुए गंभीर सवाल भी उठाए। क्रिकेट प्रेमियों का कहना है कि मैदान पर सुरक्षा और मेडिकल सुविधाओं को और मजबूत किए जाने की जरूरत है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

मंत्री का बयान और खेल में स्वास्थ्य पर उठते सवाल

मिजोरम के खेल और युवा सेवा मंत्री लालघिंगलोवा हमार ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने बताया कि मैच के दौरान लालरेमरूआटा को सांस लेने में परेशानी हो रही थी, जिसके बाद वह अचानक मैदान पर गिर पड़े। मंत्री ने कहा कि एक सक्रिय खिलाड़ी को खेल के बीच खोना बेहद पीड़ादायक है और यह पूरे राज्य के लिए सदमे जैसा है। उन्होंने परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार इस मामले में हर संभव सहयोग करेगी। इस घटना ने एक बार फिर खेल जगत में खिलाड़ियों के स्वास्थ्य, तनाव और फिटनेस मॉनिटरिंग को लेकर बहस छेड़ दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि प्रतिस्पर्धी क्रिकेट, चाहे वह लोकल स्तर का ही क्यों न हो, शारीरिक और मानसिक दबाव बढ़ाता है। ऐसे में नियमित स्वास्थ्य जांच, मैदान पर तुरंत मेडिकल सहायता और खिलाड़ियों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बेहद जरूरी है। के. लालरेमरूआटा का जाना सिर्फ एक दुखद खबर नहीं, बल्कि एक चेतावनी भी है, जिसे नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है।

Read more-12 जनवरी से यूपी में शुरू होगा 15 दिन का महाउत्सव! हर जिले को मिलेगा फंड, लखनऊ बनेगा सबसे बड़ा केंद्र

Related articles

Leave a reply

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe

Latest posts