मालेगांव कोर्ट परिसर में गुरुवार सुबह अचानक हालात बिगड़ गए, जब तीन साल की मासूम बच्ची से रेप और हत्या के आरोपी को पुलिस अदालत में पेश करने पहुंची। खबर फैलते ही शहर के कई इलाकों से लोग अदालत के बाहर जुटने लगे। कुछ ही मिनटों में शांत माहौल गुस्से से भर गया। भीड़ ने आरोपी को देखते ही फांसी की मांग शुरू कर दी और देखते-ही-देखते यह नारा एक उग्र प्रदर्शन का रूप ले गया। कई लोग रो रहे थे, कई गुस्से से कांप रहे थे, और कई के हाथों में मासूम की तस्वीर थी। माहौल इतना तनावपूर्ण हो गया कि पुलिस को अतिरिक्त बल बुलाने की तैयारी करनी पड़ी।
चप्पलों की बरसात और टूटता हुआ दरवाजा
जैसे ही आरोपी को कोर्ट के एक गेट से अंदर ले जाया गया, भीड़ अचानक उस दिशा में टूट पड़ी। गुस्से में लोगों ने कोर्ट के मुख्य दरवाजे पर चप्पलें फेंकनी शुरू कर दीं। कुछ प्रदर्शनकारी गेट को ठोकर मारते हुए अंदर घुसने की कोशिश करने लगे। कुछ सेकंड में स्थिति इतनी खतरनाक बन गई कि कोर्ट का लकड़ी का दरवाजा टूटने की कगार पर पहुंच गया। पुलिस बैरिकेडों के पीछे किसी तरह भीड़ को रोकने में जुटी रही, जबकि कई पुलिसकर्मी अपनी ढालों से उड़ती चप्पलों को रोकते रहे। कोर्ट परिसर में पहली बार ऐसा अराजक माहौल देखने को मिला, जहां कानून के सामने खड़ी जनता का धैर्य पूरी तरह टूट चुका था।
पुलिस की कार्रवाई: हल्का लाठीचार्ज और नियंत्रण की जद्दोजहद
भीड़ लगातार उग्र हो रही थी और पुलिस बल सीमित था। स्थिति नियंत्रण से बाहर जाते देख पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया ताकि बाहर से धक्का देकर अंदर घुसने की कोशिश कर रहे लोगों को रोका जा सके। कुछ लोग पीछे हटे, लेकिन कई प्रदर्शनकारी लाठीचार्ज के बावजूद नारेबाजी करते रहे। पुलिस ने बैरिकेडिंग मजबूत की और आरोपी को तुरंत कोर्ट के अंदर सुरक्षित कमरे में ले जाकर पेशी प्रक्रिया को पूरा किया। हालांकि प्रशासन की मुश्किलें बढ़ती गईं, क्योंकि भीड़ अदालत के बाहर लगातार बढ़ रही थी। कई लोगों ने कहा कि ऐसी जघन्य घटना पर आरोपी को कोर्ट में पेशी की जरूरत ही नहीं है—सीधे फांसी दे दी जानी चाहिए।
मासूम पर दरिंदगी की गूंज से दहला शहर
मालेगांव में पिछले तीन दिनों से माहौल बेहद तनावपूर्ण है। तीन साल की बच्ची से हुई रेप और हत्या की वारदात ने पूरे शहर को झकझोर दिया है। घटना के बाद से लोग गुस्से में सड़क पर उतर रहे हैं और सोशल मीडिया पर भी न्याय की मांग तेज हो चुकी है। बच्ची के परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरा इलाका शोक में डूबा हुआ है। शहर के कई सामाजिक संगठनों ने आरोपी को कठोरतम सजा देने की मांग की है। इसी गुस्से का लावा आज कोर्ट में फूटा और देखते ही देखते न्याय की मांग प्रदर्शन में बदल गई। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है, लेकिन भीड़ का गुस्सा बता रहा है कि आरोपी को जल्द सजा नहीं मिली तो हालात और तनावपूर्ण हो सकते हैं।
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