ऑपरेशन सिंदूर के बाद से पाकिस्तान में भारी डर देखा जा रहा है। भारत की जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तान ने आतंकी गतिविधियों पर लगाम लगाते हुए 72 से ज्यादा लॉन्चपैड सीमावर्ती इलाकों से हटाकर भीतर की ओर शिफ्ट कर दिए हैं। BSF के अधिकारियों के अनुसार, पाकिस्तान अब किसी भी कदम से पहले दस बार सोच रहा है, क्योंकि भारत ने हालिया ऑपरेशन में उसकी कई चौकियों और उपकरणों को भारी नुकसान पहुंचाया था। यही वजह है कि पाकिस्तान बॉर्डर के पास मौजूद किसी भी सक्रिय लॉन्चपैड को सुरक्षित मानने की स्थिति में नहीं है।
सर्विलांस सिस्टम को पहुंचा भारी नुकसान
जम्मू फ्रंटियर पर तैनात BSF ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने पाकिस्तान की 118 पोस्ट नष्ट कीं। इन हमलों में पाकिस्तान के सर्विलांस सिस्टम और अन्य सैन्य उपकरणों को भी गंभीर नुकसान पहुंचा। अधिकारियों के अनुसार, ऑपरेशन सिंदूर सिर्फ सीमित जवाबी कार्रवाई नहीं था, बल्कि यह एक रणनीतिक मिशन था जिसने दुश्मन की आतंकी सप्लाई चेन पर सीधा असर डाला। BSF ने कहा कि वे संघर्ष विराम और 7–10 मई तक बनी आपसी सहमति का सम्मान कर रहे हैं, लेकिन अगर सरकार हरी झंडी देती है तो बल सिंदूर 2.0 जैसे बड़े अभियान के लिए पूरी तरह तैयार है।
अभी भी सक्रिय हैं 72 से अधिक आतंकी लॉन्चपैड
BSF के DIG विक्रम कुंवर ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर में भारत द्वारा की गई कार्रवाई से पाकिस्तान की सीमावर्ती आतंक संरचना बुरी तरह हिल गई है। इसके बाद पाकिस्तान ने 72 से अधिक आतंकी लॉन्चपैड को बॉर्डर से हटा लिया।
उन्होंने बताया कि सियालकोट और जफरवाल के आसपास करीब 12 लॉन्चपैड अभी भी सक्रिय हैं, लेकिन वे सीमा से काफी अंदर शिफ्ट किए गए हैं। इसके अलावा पाकिस्तान के अन्य भीतरी इलाकों में 60 से अधिक आतंकी ठिकाने काम कर रहे हैं, जिन पर BSF लगातार निगरानी रख रहा है।
पहलगाम नरसंहार की प्रतिक्रिया था ऑपरेशन सिंदूर
संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में BSF के IG शशांक आनंद, DIG विक्रम कुंवर और DIG कुलवंत राय शर्मा ने 2025 में हासिल उपलब्धियों और ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि यह ऑपरेशन पहलगाम नरसंहार की प्रतिक्रिया था, जिसमें 22 अप्रैल को सीमा पार से आए आतंकियों ने 26 नागरिकों की हत्या कर दी थी। भारत की सैन्य कार्रवाई ने न सिर्फ आतंकियों की सप्लाई लाइन को तोड़ा, बल्कि पाकिस्तान को भी साफ संदेश दिया कि सीमा पार किसी भी आतंकी गतिविधि की कीमत चुकानी पड़ेगी।
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